ओवरलोडिंग पर प्रशासन का शिकंजा, गिरिडीह में चला सघन अभियान

गिरिडीह: जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है. उपायुक्त रामनिवास यादव के निर्देश पर जिला...

गिरिडीह: जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है. उपायुक्त रामनिवास यादव के निर्देश पर जिला परिवहन विभाग ने ओवरलोडेड वाहनों के खिलाफ व्यापक स्तर पर सघन जांच अभियान चलाया. इस कार्रवाई का नेतृत्व जिला परिवहन पदाधिकारी संतोष कुमार ने किया.

यह विशेष जांच अभियान ताराटांड़ थाना क्षेत्र और महतोडीह पिकेट के पास चलाया गया, जहां भारी मालवाहक वाहनों, जैसे ट्रक, ट्रेलर और डंपर की बारीकी से जांच की गई. जांच के दौरान कई वाहन निर्धारित क्षमता से अधिक माल लेकर चलते पाए गए, जो नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है.

11 वाहनों पर कार्रवाई

अभियान के दौरान कुल 11 ओवरलोडेड वाहनों को जब्त किया गया.महतोडीह पिकेट से 7 वाहन पकड़े गए.ताराटांड़ थाना क्षेत्र से 4 वाहन जब्त किए गए.

इन सभी वाहनों में तय सीमा से अधिक भार पाया गया. मौके पर ही कागजातों की जांच कर नियम उल्लंघन की पुष्टि के बाद वाहनों को जब्त करते हुए जुर्माना लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई.

सड़क सुरक्षा पर बड़ा खतरा

जिला परिवहन पदाधिकारी संतोष कुमार ने बताया कि ओवरलोडिंग सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण बनती जा रही है. इससे न केवल वाहन चालक और आम नागरिकों की जान को खतरा होता है, बल्कि सड़क, पुल और अन्य बुनियादी ढांचे को भी नुकसान पहुंचता है. उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.

पुलिस-प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई

इस अभियान में पुलिस विभाग की भी अहम भूमिका रही. संयुक्त टीम द्वारा विभिन्न संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, ताकि नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों पर तुरंत कार्रवाई की जा सके. अधिकारियों ने बताया कि आगे भी इसी तरह के औचक जांच अभियान जारी रहेंगे.

वाहन चालकों से अपील

प्रशासन ने वाहन मालिकों और चालकों से अपील की है कि वे निर्धारित मानकों का पालन करें और ओवरलोडिंग से बचें. नियमों का पालन करने से न केवल दुर्घटनाओं में कमी आएगी, बल्कि सड़क व्यवस्था भी बेहतर होगी.

आगे भी जारी रहेगा अभियान

प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि यह अभियान एक दिन की कार्रवाई नहीं है, बल्कि इसे लगातार चलाया जाएगा. इससे जिले में यातायात व्यवस्था को मजबूत करने और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी.

कुल मिलाकर, गिरिडीह प्रशासन की यह कार्रवाई सड़क सुरक्षा की दिशा में एक ठोस और सख्त कदम के रूप में देखी जा रही है, जिससे आने वाले दिनों में सकारात्मक बदलाव की उम्मीद की जा रही है.

सम्बंधित ख़बरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *