Ranchi: बोकारो और हजारीबाग में पुलिसकर्मियों के वेतन की अवैध निकासी के मामलों के बाद अब रांची कोषागार भी जांच के दायरे में आ गया है. संभावित अनियमितताओं को लेकर प्रशासन ने एहतियातन विस्तृत जांच शुरू कर दी है. हालांकि अधिकारियों का कहना है कि अब तक किसी स्पष्ट गड़बड़ी के प्रमाण नहीं मिले हैं.
तीन वर्षों के रिकॉर्ड की समीक्षा
जांच के पहले चरण में पुलिसकर्मियों के पिछले तीन वर्षों के वेतन से संबंधित सभी अभिलेखों की गहन समीक्षा की जा रही है. इसके बाद अन्य विभागों के भुगतान और निकासी की भी जांच की जाएगी. प्रशासन का उद्देश्य पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करना और किसी भी तरह की अनियमितता की आशंका को खत्म करना है.
तकनीकी खामियों पर भी नजर
सूत्रों के अनुसार तकनीकी खामियां भी चिंता का कारण बनी हुई हैं. वर्तमान सॉफ्टवेयर प्रणाली में विपत्र लिपिक और डीडीओ के लिए एक ही मोबाइल नंबर पर ओटीपी प्राप्त होने की व्यवस्था है, जिससे सत्यापन प्रक्रिया की विश्वसनीयता प्रभावित हो सकती है. ऐसे में जांच और निगरानी को और सख्त किया जा रहा है.
