न्यूज़ डेस्क: होली का त्यौहार आ गया है और डिजिटल होम रिटर्न की तैयारी तेजी से हो गई है. लेकिन इस बार हवाई यात्रा में आम यात्रियों की जेब पर भारी पड़ रही है.4 मार्च को जाने वाली होली से पहले प्रमुख घरेलू मार्गों पर हवाई जहाज किरायों में एरिओमिक एलेमिक की शुरुआत हुई.

ताजा रुझानों के, दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु से बिहार और उत्तर प्रदेश जाने वाली के अनुसार अखबारों के टिकट आम दिनों की तुलना में 150 से 185 प्रतिशत तक रिकॉर्ड हो गए है.
प्रमुख रूट्स पर विक्रेता ग्लू कई उन्नत
दिल्ली से पटना के हवाई अड्डे पर जो हवाई अड्डे पर आम दिनों में 4,000 से 5,000 रुपये के बीच रहता था, अब 13,000 रुपये के पार पहुंच गया है.
बेंगलुरु में 19,000 रुपये से ज्यादा का सामान उपलब्ध है.
मुंबई से वाराणसी और पटना के लिए यात्रियों को 12,000 से 15,000 रुपये तक का लोन चुकाना पड़ रहा है.
विशेषज्ञ का मानना है कि होली की तारीख कैसी होगी, किरायों में और भीड़ संभव है.
‘डायनेमिक इलेक्ट्रॉनिक्स’ का प्रभाव
एयरलाइंस कंपनी ने बहुउद्देश्यीय मांग को देखते हुए ‘डायनेमिक मार्केटिंग’ लागू कर दी है.इस प्रणाली के तहत फ्रांसीसी डिजाइन प्रस्ताव और मांग के अनुसार लाभ स्वत: बढ़ रहे हैं. त्योहारों के समय की मांग अधिक होने के कारण तेजी से भी ऊपर की ओर बढ़ रहे हैं.
रेवेन्यू एरिया का कहना है कि होली और छठ की तरह हर साल त्योहारों पर यही स्थिति बनती है, इस बार बड़ी वेटिंग लिस्ट और गंभीर बनाई जाती है.
स्टोर में लॉन्ग वेटिंग, फ़्लैट्स पर शोरूम
दिल्ली और मुंबई से लेकर बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश की ओर जाने वाली जगहों पर ज्यादातर कन्फर्म टिकट मिलना मुश्किल हो गया है.भारतीय रेलवे ने 186 से ज्यादा ‘होली स्पेशल’ टोकियो के संचालन की घोषणा की है.
इसके बावजूद कमी के कारण बड़ी संख्या में यात्री हवाई यात्रा का विकल्प चुन रहे हैं.खूबसूरत हुई मांग का सीधा असर किरायों पर पड़ा है.
यात्रियों के लिए सलाह
विशेषज्ञ का सुझाव है कि अंतिम समय में टिकट बुक करने से सबसे ज्यादा बचत होती है, क्योंकि उस समय टिकट बुक करने से सबसे ज्यादा बचत होती है. उनका अनुमान है कि 10 मार्च के बाद किरायों में कुछ गिरावट आ सकती है.
तब तक यात्रियों के लिए ‘ होली स्पेशल’ ट्रेनें , अतिरिक्त बस यात्री या पहले से गए टिकटों पर पहले से ही आकर्षण विकल्प साबित हो सकते हैं.
होली के रंग से पहले हवाई किरायों पर सवार यात्रियों की चिंता बढ़ गई है.

