रांची: झारखण्ड सरकार ने राज्य की विभिन्न जेलों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और बुनियादी ढांचे के विस्तार के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए राज्य स्कीम के तहत 2.05 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की है. इसको लेकर गृह विभाग की अपर मुख्य सचिव वंदना दादेल के द्वारा जेल आईजी को पत्र लिखकर अवगत कराया गया हैं.
हजारीबाग, गोड्डा और बोकारो की जेलों में कार्य किए जाएंगे:
- सेंट्रल जेल, हजारीबाग में कन्सर्टिना कॉइल के साथ पेरिमीटर फेंसिंग लगाया जाएगा.
- मंडल कारा, गोड्डा परिसर के भीतर बाउंड्री वॉल का निर्माण होगा.
- उप-कारा तेनुघाट, बोकारो में प्रकोष्ट भवन का निर्माण हुआ.
निर्माण की गुणवत्ता पर रहेगी कड़ी नजर:
सरकार ने इस आदेश में स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा. इन सभी योजनाओं का क्रियान्वयन भवन निर्माण विभाग द्वारा किया जाएगा. संबंधित जेलों के अधीक्षक और निर्माण एजेंसी के अधिकारी संयुक्त रूप से कार्य की गुणवत्ता के लिए जिम्मेदार होंगे. यदि कार्य मानक स्तर का नहीं पाया गया, तो संबंधित एजेंसी के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी. जेल अधीक्षकों को निर्देश दिया गया है कि वे नियमित रूप से कार्यों की जांच करें और हर महीने खर्च रिपोर्ट मुख्यालय को भेजें ताकि बजट का दुरुपयोग न हो.
