रांची: झारखण्ड राज्य आंदोलन में अहम भूमिका निभाने वाले आंदोलनकारियों और उनके आश्रितों के लिए राज्य सरकार ने बड़ी सौगात दी है. हेमंत सरकार ने चालू वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 4.88 करोड़ की राशि जारी कर दी है, जिससे आंदोलनकारियों की पेंशन, सुविधाओं और बकाया भुगतान (एरियर) का रास्ता साफ हो गया है. गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से जारी आदेश, जिस पर अपर मुख्य सचिव वंदना दादेल के हस्ताक्षर हैं, में स्पष्ट किया गया है कि यह राशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के माध्यम से भेजी जाएगी, ताकि पारदर्शिता बनी रहे और किसी तरह की गड़बड़ी न हो.
बकाया भुगतान पर फोकस:
सरकार ने इस बार खास तौर पर उन आंदोलनकारियों को राहत देने पर जोर दिया है, जिनकी पेंशन या अन्य देय राशि लंबे समय से लंबित थी. अब इस आवंटन से मासिक पेंशन के साथ-साथ एरियर का भी भुगतान किया जाएगा. राज्य के 11 चिन्हित जिलों के उपायुक्तों को यह राशि जारी की गई है। इनमें हजारीबाग जिले को सबसे अधिक हिस्सा मिला है.
हजारीबाग को सबसे ज्यादा 2.11 करोड़, भुगतान से पहले सख्त पहचान जांच के निर्देश
हजारीबाग: 2.11 करोड़
गिरिडीह: 75 लाख
जमशेदपुर: 75 लाख
बोकारो: 71. 94 लाख
चतरा: 25.75 लाख
लातेहार: 10.38 लाख
खूँटी: 08.17 लाख
पाकुड़: 5.32 लाख
कोडरमा: 2.52 लाख
पलामू: 1.54 लाख
साहेबगंज: 1.05 लाख
सख्त निर्देश: बिना सत्यापन नहीं होगा भुगतान:
सरकार ने जिला प्रशासन को स्पष्ट निर्देश दिया है कि भुगतान से पहले हर लाभार्थी की सही पहचान सुनिश्चित की जाए.निकासी एवं व्ययन पदाधिकारी (डीडीओ) के रूप में उपायुक्त या उनके अधिकृत अधिकारी जिम्मेदार होंगे.साथ ही यह भी सुनिश्चित करने को कहा गया है कि किसी लाभार्थी को पहले से भुगतान न हुआ हो, ताकि दोहरी निकासी की संभावना खत्म हो सके.
