Pakur: पाकुड़ जिला शिक्षा अधीक्षक नयन कुमार ने लापरवाह शिक्षक पर बड़ी कार्रवाई करते हुए लिट्टीपाड़ा (पश्चिमी) के बालक मध्य विद्यालय के निलंबित शिक्षक मो. अब्दुल हन्नान को सरकारी सेवा से बर्खास्त कर दिया है. उन पर विद्यालय की राशि के गबन और पांच साल से अधिक समय से गायब रहने का गंभीर आरोप है.
जांच में जवाब असंतोषजनक, सेवा से किया गया मुक्त
शिक्षक मो. हन्नान को विभाग द्वारा कारण पृच्छा (शो-कॉज) नोटिस जारी किया गया था, जिसका जवाब उन्होंने 10 जनवरी 2026 को दिया था. जांच में उनका जवाब असंतोषजनक पाया गया. स्थापना समिति ने पाया कि शिक्षक न केवल स्कूल से गायब थे, बल्कि उन्होंने वित्तीय नियमों का उल्लंघन करते हुए सरकारी राशि का गबन भी किया. इसके बाद झारखंड सेवा संहिता की सुसंगत धाराओं के तहत उन्हें सेवा मुक्त करने का आदेश जारी कर दिया गया.
लापरवाही पर नहीं मिलेगी माफी: डीएसई
इस कड़ी कार्रवाई के साथ ही जिला शिक्षा अधीक्षक नयन कुमार ने जिले के सभी शिक्षकों को कड़ा संदेश दिया है. उन्होंने कहा कि कार्य में गाफलती बरतने वाले शिक्षकों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. सभी शिक्षक अपने दायित्वों का पालन पूरी निष्ठा के साथ करें, अन्यथा इसी तरह की कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है.
इन बिंदुओं पर हुई कार्रवाई
- 5 साल से अधिक समय से बिना सूचना अनुपस्थित रहना
- स्कूल फंड की राशि का गबन
- शैक्षणिक कार्य में रुचि न लेना और मनमाना रवैया
डीएसई कार्यालय ने इस आदेश की प्रति उपायुक्त पाकुड़ और प्राथमिक शिक्षा निदेशक, रांची को भी भेज दी है. विभाग के इस सख्त रुख से जिले के लापरवाह शिक्षकों में हड़कंप का माहौल है.
