Ranchi: झारखंड सरकार ने कर्तव्य पालन के दौरान उग्रवादी या असामाजिक तत्वों की हिंसा का शिकार होने वाले पुलिसकर्मियों और सुरक्षा बलों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है. राज्य सरकार के गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग’ ने विशेष क्षतिपूर्ति योजना के तहत 2 करोड़ 31 लाख 50 हजार रुपये की राशि आवंटित करने का आदेश जारी किया है. यह आदेश सरकार की अपर मुख्य सचिव वंदना दादेल द्वारा जारी किया गया है.
इन सुरक्षाकर्मियों को मिलेगा लाभ
– झारखंड पुलिस के सभी रैंक के पुलिस पदाधिकारी और कर्मी.
– केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के विभिन्न रैंक के जवान और अधिकारी.
– सैप के जवान और होमगार्ड.
क्यों महत्वपूर्ण है यह योजना?
झारखंड में उग्रवाद के खिलाफ लड़ाई में पुलिस और अर्धसैनिक बल के जवान अग्रिम पंक्ति में रहते हैं. अक्सर मुठभेड़ों या उग्रवादी वारदातों में जवान शहीद हो जाते हैं या गंभीर रूप से घायल हो जाते हैं. यह ‘विशेष क्षतिपूर्ति योजना उन जवानों और उनके परिवारों को आर्थिक संबल प्रदान करने के लिए बनाई गई है.
बजट और आवंटन की मुख्य बातें
यह राशि वित्तीय वर्ष 2025-26 के बजट से खर्च की जाएगी. इस राशि की निकासी और व्यय के लिए उत्तरदायी अधिकारी डीजीपी या उनके द्वारा अधिकृत अधिकारी होंगे. राशि की निकासी सचिवालय कोषागार प्रोजेक्ट भवन, धुर्वा से की जाएगी. विभाग ने स्पष्ट किया है कि आवंटित राशि का उपयोग केवल उसी कार्य के लिए किया जाएगा जिसके लिए इसे जारी किया गया है. खर्च का सत्यापन महालेखाकार कार्यालय से कराकर इसकी रिपोर्ट गृह विभाग के बजट शाखा को देनी होगी.
