कोडरमा: जिले के डोमचांच थाना क्षेत्र अंतर्गत काराखुट के बंद पड़े पत्थर खदान में डूबी महिला का शव 72 घंटे के बाद निकाल लिया गया है। पटना से आई एनडीआरएफ की टीम ने करीब 48 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद शव को निकालने में सफलता हासिल की है। एनडीआरएफ टीम का नेतृत्व कर रहे सूरज कुमार ने बताया कि पिछले 48 घंटे से बंद पड़े खदान से संगीता देवी के शव को निकालने का प्रयास किया जा रहा था। काफी मशक्कत के बाद आज उनका शव बाहर निकाल दिया गया है। उन्होंने बताया कि शव को बाहर निकालने के लिए सबसे पहले खादान के पानी के ऊपरी सतह से ही शव को खोजने का प्रयास किया गया। वहीं इसके पश्चात गोताखोरों को पानी के अंदर भेजकर शव को ढूंढने का प्रयास किया गया। जिसमें असफलता हासिल लगी। वहीं अंततः बंद पड़े इस खदान के पानी को पिछले 24 घंटे से लगातार बाहर निकाला गया, जब खदान के जल का स्तर कम हुआ उसके बाद खोजबीन करने पर महिला का शव पानी के ऊपर आया और उसे खदान के बाहर निकल गया। इधर संगीता देवी का शव बाहर आते ही परिजनों में चीख पुकार मच गई। वहीं पूरे गांव में मातम पसर गया। बताते चलें कि बीते शनिवार को संगीता देवी काराखुट के इस बंद पड़े खदान में के पानी में अपना कपड़ा धोने गई हुई थी, इसी दौरान उनका पैर फिसल गया और वह खदान के गहरे पानी में जा गिरी थी। इसके बाद से डोमचांच पुलिस द्वारा उनके शव को वहां से बाहर निकालने का लगातार प्रयास किया जा रहा था। पहले जहां पुलिस ने हजारीबाग जिले के चौपारण से गोताखोरों को बुलाकर शव को निकालने का प्रयास किया, वहीं 24 घंटे बीत जाने के बाद भी जब शव पानी के बाहर नहीं आया तो पुलिस द्वारा पटना से एनडीआरएफ की टीम को बुलाया गया था। जिसके द्वारा शव बाहर निकलने का प्रयास लगातार जारी था। बताते चलें कि डोमचांच थाना क्षेत्र अंतर्गत कई ऐसे खदान है जो बंद हो चुके हैं लेकिन उसमें जल जमाव के कारण आए दिन दुर्घटना की स्थिति बनी रहती है। स्थानीय लोगों का जिला प्रशासन से आग्रह है कि बंद पड़े खदानों को चिन्हित कर उसे भरवाने का कार्य किया जाए ताकि आने वाले भविष्य में इस प्रकार की कोई दुर्घटना ना घटे।


