रांची: गैरों पे करम, अपनों पे सितम, ऐ जाने वफा, ये जुल्म न कर. अपनों को उम्मीद थी कि कहीं न कहीं सेट कर दिए जाएंगे, पर ऐसा नहीं हुआ. इसके ठीक उलट अफसरों को तोहफा मिल गया.

टेक्नोक्रेट्स भी हुए दरकिनार
कई वरीय टेक्नोक्रेट्स भी दरकिनार हो गए. बोर्ड और निगमों में IAS और IFS अफसरों को प्रबंध निदेशक या उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंप दी गई है.
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सेवानिवृत्त अफसरों को भी मिली जगह
कई बोर्ड में सेवानिवृत्त IAS अफसरों को जगह दी गई है. वहीं राजनीतिक दलों के नेता बोर्ड-निगम में अब तक टकटकी लगाए बैठे हैं.
इन संस्थाओं में अफसर काबिज

- झारखंड राज्य कर्मचारी चयन आयोग.
- झारखंड कृषि विपणन परिषद.
- झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड.
- झारखंड शिक्षा न्यायाधिकरण.
- झारखंड राज्य लोक सेवा आयोग.
- झारखंड सिल्क टेक्सटाइल एंड हैंडीक्राफ्ट डेवलपमेंट लिमिटेड.
- मुख्यमंत्री लघु एवं कुटीर विकास बोर्ड.
- झारखंड माटी कला बोर्ड.
- झारखंड राज्य वन विकास लिमिटेड.
- ऊर्जा विकास निगम लिमिटेड.
- झारखंड राज्य बिजली वितरण निगम लिमिटेड.
- आरआरडीए.
- झारखंड फिल्म डेवलपमेंट कॉरपोरेशन.
