रांची/धनबाद : धनबाद जिले के बाघमारा अनुमंडल स्थित महुदा थाना क्षेत्र के सिंगड़ा गांव में संचालित अवैध मिनी गन फैक्ट्री मामले में बड़ी कानूनी राहत मिली है. इस मामले के आरोपी मोहम्मद परवेज उर्फ रिंकू समेत अन्य को झारखंड हाई कोर्ट ने बिना किसी शर्त के जमानत दे दी है. यह कार्रवाई 28 मई 2025 की रात को की गई थी, जब झारखंड एटीएस, पश्चिम बंगाल एसटीएफ और धनबाद पुलिस ने संयुक्त छापेमारी कर अवैध हथियार निर्माण का खुलासा किया था. मौके से दर्जनों निर्मित और अर्धनिर्मित पिस्तौल तथा हथियार बनाने के उपकरण बरामद किए गए थे.

पांच आरोपी हुए थे गिरफ्तार
छापेमारी के दौरान पुलिस ने अवैध फैक्ट्री के संचालक मोहम्मद मुर्शीद सिंगड़ा सहित पांच लोगों को गिरफ्तार किया था. गिरफ्तार आरोपियों में मोहम्मद साबिर अंसारी, मोहम्मद मुस्तफा, मोहम्मद परवेज उर्फ रिंकू और मोहम्मद मिस्टर शामिल हैं. सभी आरोपी बिहार के मुंगेर जिले के रहने वाले बताए गए हैं. पुलिस के अनुसार, इनका आपराधिक इतिहास भी रहा है और धनबाद में अवैध हथियारों का नेटवर्क खड़ा करने की योजना थी.
कोर्ट में दोनों पक्षों ने रखी दलील
जमानत याचिका पर सुनवाई के दौरान राज्य सरकार ने अदालत को बताया कि आरोपियों का संबंध मुंगेर से है, जो अवैध हथियार निर्माण के लिए कुख्यात रहा है. सरकार का कहना था कि धनबाद में भी उसी तर्ज पर काला कारोबार फैलाने की तैयारी थी. वहीं बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने दलील दी कि गिरफ्तारी के समय आरोपी मौके पर मौजूद नहीं थे और केवल बरामदगी व संदेह के आधार पर उन्हें जेल में रखना उचित नहीं है. दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने सभी आरोपियों को जमानत दे दी.

