पलामू: पुलिस ने शहर के भट्टी मोहल्ला निवासी आनंद कुमार रवि के अपहरण के प्रयास का सफल उद्भेदन करते हुए आठ अपराधियों को गिरफ्तार किया. इन अपराधियों के पास से अवैध हथियार, जिंदा कारतूस और घटना में प्रयुक्त वाहन बरामद किया गया. पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से शहर में एक बड़ी आपराधिक घटना टल गई.
घटना का विवरण
बताया जाता है कि बीते 30 मार्च 2026 को सद्दाम कुरैशी ने अपने साथियों के साथ मिलकर भट्टी मोहल्ला के समीप आनंद कुमार रवि के अपहरण की कोशिश की. आनंद ने विरोध किया तो अपराधियों ने उन्हें बेरहमी से मारा, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने शहर थाना में मामला दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया.
विशेष टीम की कार्रवाई
थाना प्रभारी ज्योति लाल रजवार के नेतृत्व में गठित विशेष टीम को गुप्त सूचना मिली कि आरोपी एक काले रंग की स्कॉर्पियो (JH01 GJ 3950) में सवार होकर जिले की सीमा से बाहर भागने की योजना बना रहे हैं. सूचना मिलते ही पुलिस ने बिस्फोटा चौक के समीप रेलवे अंडरपास पर घेराबंदी की और 31 मार्च की देर रात करीब 10:45 बजे संदिग्ध वाहन को रोककर उसमें सवार सभी आठ अपराधियों को गिरफ्तार किया.
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान और तलाशी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई:
- कसाई मोहल्ला निवासी सद्दाम कुरैशी व वशीम अहमद उर्फ बंटी कालिया
- भट्टी मोहल्ला निवासी छोटू चंद्रवंशी, रौशन चंद्रवंशी, किशु गुप्ता
- बेलवाटिका के सूरज चंद्रवंशी
- कुण्ड मोहल्ला के रितेश चंद्रवंशी उर्फ मामा
- पहाड़ी मोहल्ला निवासी वशीम अकरम
तलाशी के दौरान पुलिस ने इनके पास से एक 9mm देशी पिस्टल, एक देशी कट्टा, भारी मात्रा में 9mm और 8mm जिंदा गोलियां, रेडमी व मोटोरोला मोबाइल फोन बरामद किए.
पुराना आपराधिक इतिहास और सुपारी की साजिश
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पकड़े गए अपराधियों का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है और ये पूर्व में हत्या व रंगदारी जैसे संगीन मामलों में शामिल रहे हैं.
साजिश और प्रतिशोध
आरोपियों के बयान के अनुसार, आनंद कुमार रवि को किसी तीसरे पक्ष द्वारा सद्दाम कुरैशी की हत्या के लिए 5 लाख रुपये की सुपारी दी गई थी. सद्दाम ने जब इस बात की भनक लगी कि उसकी जान लेने की साजिश रची जा रही है, तो उसने अपने साथियों के साथ मिलकर जवाबी रणनीति बनाई. इसी प्रतिशोध में 30 मार्च को भट्टी मोहल्ला के पास आनंद कुमार रवि का अपहरण करने का प्रयास किया गया.
न्यायिक हिरासत
सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है.
