रांची: नगड़ी थाना क्षेत्र के दलादिली टीओपी अंतर्गत पिछले 12 दिनों से लापता रेशमी कंस्ट्रक्शन कंपनी के सुपरवाइजर विजय कुमार दास का शव बरामद हुआ है. रविवार को नगड़ी और बेड़ो पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में विजय का शव बेड़ो थाना क्षेत्र के टेंगरिया गांव के डोरो जंगल स्थित एक सुनसान कच्चे कुएं से बरामद किया गया. हैरान कर देने वाली बात यह है कि हत्यारों ने साक्ष्य छिपाने के लिए विजय के शव को उसकी मोटरसाइकिल के साथ काले रंग के सिंचाई पाइप से बांधकर कुएं में धकेल दिया था. इस नृशंस हत्याकांड के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है.

24 फरवरी से लापता थे विजय
सरायकेला-खरसावां जिले के ईचागढ़ थाना अंतर्गत सितु गांव निवासी विजय कुमार दास 24 फरवरी से रहस्यमय परिस्थितियों में लापता थे. उनके बड़े भाई अजय कुमार दास ने काफी खोजबीन के बाद तीन मार्च को नगड़ी थाना के दलादिली टीओपी में अपहरण की प्राथमिकी दर्ज कराई थी. पुलिस तभी से उनकी तलाश में जुटी थी.
नगड़ी पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि बेड़ो के जंगली इलाके में एक शव छिपाया गया है. सूचना के आधार पर पुलिस ने टेंगरिया क्षेत्र के डोरो जंगल में तलाशी अभियान चलाया. झाड़ियों के बीच छिपे एक कच्चे कुएं में झांकने पर पुलिस को मोटरसाइकिल और शव का आभास हुआ. बेड़ो थाना प्रभारी सुजित कुमार उरांव की मौजूदगी में काफी मशक्कत के बाद शव और बाइक को बाहर निकाला गया.
हत्या के पीछे पैसे का विवाद और महिला पर आरोप
परिजनों ने इस हत्या का सीधा आरोप रोशनी कुमारी नामक महिला पर लगाया है. दर्ज प्राथमिकी के अनुसार विजय और रोशनी के बीच लंबे समय से पैसों के लेन-देन को लेकर अनबन चल रही थी. परिजनों का दावा है कि गायब होने से पहले रोशनी ने विजय को जान से मारने की धमकी दी थी. आरोप है कि महिला ने विजय के चचेरे भाई को फोन कर सबक सिखाने और ‘बदला लेने’ की बात भी कही थी. पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए रिम्स रांची भेज दिया है.
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