Saraikela: सरायकेला खरसवां जिले के चौका थाना क्षेत्र में शाम को अचानक बदले मौसम ने एक गंभीर समस्या को उजागर कर दिया. तेज हवा चलने के साथ ही आसपास स्थित स्पंज आयरन कारखानों से निकला धूलयुक्त काला धुआं पूरे इलाके में फैल गया, जिससे कुछ समय के लिए पूरा क्षेत्र प्रदूषण की चपेट में आ गया.

इन प्लांटों से निकलता है प्रदूषण
सिद्धि विनायक स्पंज कंपनी, रुगड़ी (चौका), एमार एलॉय स्पोंज़, टूईडुंगरी (चौका), जय मंगला स्पोंज़ (दुबराजपुर), चौका जैसे प्लांटों से प्रदूषण निकलता है.
काली धूल से ढक गया चौका बाजार
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हवा के तेज झोंकों के साथ कारखानों से उड़कर आई काली धूल और धुएँ ने चौका बाजार और आसपास के इलाकों को पूरी तरह ढक लिया. दुकानदारों और ग्राहकों को सांस लेने में तकलीफ और आँखों में जलन जैसी परेशानी का सामना करना पड़ा. सड़क पर चल रहे राहगीरों और बाइक सवारों की स्थिति भी बेहद दयनीय हो गई. स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि कुछ समय के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग-33 जैसी व्यस्त सड़क पर अंधेरे जैसी स्थिति हो गयी. तेज हवा के साथ उड़ती धूल के कारण लोगों के लिए आँखें खुली रखना भी मुश्किल हो गया. इस दौरान कई बाइक सवारों के फिसलकर गिरने की भी जानकारी सामने आई है. हालांकि, वाहन चालकों ने सतर्कता बरतते हुए अपनी गति नियंत्रित रखी, जिससे कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ.

कोई प्राकृतिक आपदा नहीं, कारखानों का प्रदूषण : स्थानीय
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कोई प्राकृतिक आपदा नहीं, बल्कि क्षेत्र में स्थित कारखानों से फैल रहा लगातार प्रदूषण है. उनका आरोप है कि प्रदूषण नियंत्रण के लिए निर्धारित मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है और कारखानों की मनमानी से आम लोगों के स्वास्थ्य और पर्यावरण पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है.
प्रदूषण फैलाने वाले कारखानों पर कार्रवाई की मांग
स्थानीय नागरिकों ने संबंधित विभागों और प्रशासन से सवाल करते हुए कहा है कि आखिर कब तक कारखानों द्वारा इस तरह प्रदूषण फैलाया जाता रहेगा. लोगों ने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर प्रदूषण फैलाने वाले कारखानों पर सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि क्षेत्र के लोगों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सके.

