News Desk:डॉक्टरों के मुताबिक बच्चों में बढ़ता मोटापा सिर्फ वजन की समस्या नहीं बल्कि फ्यूचर में कई गंभीर बीमारियों की वजह भी बन सकता है.एक्सपर्ट्स का कहना है कि अधिक वजन वाले बच्चों के शरीर में ऐसा माहौल बन जाता है जो कैंसर टिश्यू के पनपने में मदद कर सकता है.

मोटापे की वजह से शरीर में लगातार हल्की सूजन बनी रहती है, एस्ट्रोजन हार्मोन का बैलेंस बिगड़ सकता है और DNA को भी नुकसान पहुंचा सकता है.यही कारण आगे चलकर कैंसर जैसी बीमारी का खतरा बढ़ा देता हैं.इसलिए बच्चों को एक्टिव रखना और हेल्थी लाइफस्टाइल अपनाना बेहद जरूरी माना जाता है.
बच्चों का बढ़ता वजन बन रहा खतरे की घंटी
डॉक्टरों के मुताबिक बचपन में बड़ा वजन आगे चलकर कई बीमारियों की वजह बन सकता है.इससे डायबिटीज,अस्थमा,हाइब्लडप्रेशर और हड्डियों से जुड़ी दिक्कतें होने का खतरा बढ़ जाता है.
डॉक्टरों का कहना है कि मोटापा कई तरह के कैंसर का जोखिम भी बढ़ा सकता है जैसे ब्लड कैंसर,ब्रेस्ट,पेट,इसोफिजियल,ओवेरियन,थायराइड और अन्य कैंसर. वहीं लड़कियों में ज्यादा वजन की वजह से प्यूबर्टी समय से पहले या देर से आ सकती है,जो आगे चलकर हेल्थ पर बुरा असर डालती सकती है.
‘नॉर्मल वेट’ में भी हो सकता है कैंसर का खतरा
एक्सपर्ट्स का कहना है कि बच्चों का BMI (Body mass Index) कैंसर का जोखिम बढ़ा सकता है,भले ही ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल और शुगर नॉर्मल हों.आजकल शोध ‘नॉर्मल वेट ओबेसिटी’पर भी ध्यान दे रहे हैं यानी वजन सही दिखे लेकिन शरीर में फैट ज्यादा हो.इसे भी बच्चों में कैंसर के खतरे के रूप में देखा जा रहा है.
माता- पिता के लिए बच्चों की सेहत टिप्स
बच्चों का वजन सही न भी हो, हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाने से कैंसर का खतरा कम किया जा सकता है.
- 5 साल से कम :बच्चों को खेलकूद और एक्टिव रहने के लिए मोटिवेट करें.
- 6-18 साल:रोज 1-2 घंटे एक्टिव रखें-दौड़ना,साइकिल चलाना,कूदना शामिल करें.
- खान -पान: घर का खाना और फल-सब्जियां ज्यादा खिलाएं.जंक फूड्स से दूर रखें.
- स्क्रीन टाइम और नींद-मोबाइल/टीवी कम,पर्याप्त नींद लेने दें और रोज खेल-खुद व एक्टिविटी में शामिल करें.
याद रखें:बच्चों को मोटापा से बचाना केवल फिट दिखने के लिए नहीं बल्कि फ्यूचर में जानलेवा बीमारियों से सुरक्षा का पहला कदम है.

