News Desk:अक्सर देखा जाता है कि दिनभर की मेहनत के बाद महिलाएं पुरुषों से ज्यादा थकी हुई महसूस करती हैं.साइंस भी बताती है कि इसके पीछे सिर्फ आराम की जरूरत नहीं ,बल्कि कई महत्वपूर्ण कारण हैं.यही वजह है कि महिलाओं को पुरुषों की तुलना में ज्यादा नींद की जरूरत होती है. आइए जानते है इसके पीछे का कारण:

महिलाओं की नींद का रहस्य: मल्टीटास्किंग और दिमाग की थकान
नींद का सबसे अहम काम दिमाग को आराम देना और उसे फिर से तरोताजा करने का काम करती है. रिसर्च के अनुसार महिलाएं पुरुषों के तुलना में ज्यादा मल्टीटास्किंग करती हैं -घर,बच्चों ,काम और फ्यूचर प्लांस के साथ संभालती है.इसी कारण उन्हें पुरुषों से ज्यादा नींद की जरूरत होती है.
जब दिमाग लंबे समय तक और मुश्किल काम करता है ,उसे आराम के लिए ज्यादा नींद चाहिए.महिलाएं दिनभर ज्यादा एनर्जेटिक रहती है ,इसलिए उन्हें गहरी नींद ज्यादा जरूरी होती है.
हार्मोनल बदलाव और महिलाओं की नींद
- पीरियड्स:हार्मोन में बदलाव से नींद पर असर पड़ता है.
- प्रेग्नेंसी:बढ़ता वजन और शारीरिक बदलाव थकान बढ़ाते हैं.
- मेनोपॉज: हॉट फ्लैशेस( अचानक चेहरे और शरीर में तेज गर्मी आना ) और पसीने की वजह से नींद बार- बार खुलती है,जिससे पूरा आराम नहीं मिलता है.
महिलाओं की नींद :हल्की , टूटती और सुबह भी थकान देने वाली
महिलाओं की नींद पुरुषों से ज्यादा हल्की होती है .घर की आवाज़,बच्चों का रोना या छोटी हलचल पर वे जल्दी जाग जाती हैं. इनसोम्निया और रेस्टलेस लेग सिंड्रोम जैसी समस्याओं से भी नींद टूटती है.इसलिए उन्हें डीप स्लिप नहीं मिलता और सुबह थकान महसूस होती है.
तनाव और मानसिक थकान: महिलाओं की नींद पर असर
महिलाएं घर और समाज की जिम्मेदारियों के कारण अक्सर ज्यादा तनाव और चिंता महसूस करती हैं.तनाव नींद को प्रभावित करता और पूरी नींद न मिलने पर यह और बढ़ता है ,जिससे एक लगातार चलती हुई साइकिल बन जाती है .
महिलाओं के लिए आसान और असरदार नींद के टिप्स
- नींद की कमी सिर्फ थकान नहीं बल्कि दिल की बीमारी , चिंता और डिप्रेशन का भी खतरा बढ़ा सकती है.इसलिए कुछ टिप्स अपनाए :
- सोने और उठने का समय तय करें.
- सोने से कम से कम 1 घंटे पहले मोबाइल और लैपटॉप का इस्तेमाल बंद करें.
दोपहर के बाद चाय और कॉफी से बचें.
