सिमडेगा: सिमडेगा सदर प्रखंड अंतर्गत बीरू राजा मैदान में विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया. आयोजित इस विशाल विराट हिंदू सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में विश्व हिंदू परिषद के झारखंड प्रांत के मार्गदर्शक मंडल के प्रमुख कृष्ण चैतन्य ब्रह्मचारी महाराज, मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत के सह-प्रचारक राजीव कांत, विहिप के जिला अध्यक्ष कौशल राज सिंह देव, नगर परिषद के उपाध्यक्ष दीपक कुमार अग्रवाल, अशोक पाढ़ी सहित अन्य लोगों द्वारा सामूहिक रूप से दीप जलाकर कार्यक्रम की शुरुआत की गई.
सम्मेलन का आयोजन और मुख्य अतिथि
मौके पर मुख्य अतिथि स्वामी कृष्ण चैतन्य ब्रह्मचारी महाराज ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि जब-जब धर्म की हानि होती है, तब-तब ईश्वर अवतार लेते हैं. वर्तमान में संगठन में ही शक्ति होती है. आज कुछ विभाजनकारी शक्तियों द्वारा समाज को तोड़ने के लिए अलग-अलग भ्रम फैलाए जा रहे हैं, ऐसे में हमें सजग रहने की आवश्यकता है. उन्होंने कहा कि हिंदू समाज का यह सम्मेलन समाज में ऊर्जा का संचार करेगा, जिससे समाज मजबूत होकर धर्म और संस्कृति की रक्षा के लिए तत्पर रहेगा.
धर्म और समाज की सुरक्षा पर संदेश
मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित राजीवकांत जी ने कहा कि समाज आज संगठित होकर अपने धर्म, संस्कृति और सभ्यता को बचाने के लिए आगे आ रहा है, लेकिन कुछ लोग अलग-अलग तरीके से उसे तोड़कर धर्मांतरण का प्रयास कर रहे हैं. हमें ऐसी शक्तियों से सावधान रहने की आवश्यकता है. उन्होंने कई उदाहरण देते हुए कहा कि समाज के संगठन से अलग रहने वाले लोगों को तोड़कर धर्मांतरण का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन हम सभी को सजग रहना होगा. आज के समय में हम सभी को संकल्प लेकर अपने पूर्वजों द्वारा दी गई विरासत को बचाए रखने के लिए आगे आना चाहिए.
हिंदू समाज की ताकत और संस्कृति का संरक्षण
मौके पर विश्व हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष कौशल राज सिंह देव ने कहा कि टूलकिट की तरह हिंदू समाज को तोड़ने का प्रयास किया जा रहा है. आज सरना और सनातन को अलग-अलग व्याख्या कर कमजोर करने का प्रयास हो रहा है, और यह गैंग दिल्ली से सक्रिय है, जिसमें विदेशी तत्वों की भी भूमिका बताई जा रही है. उन्होंने कहा कि किसी भी समाज और संस्कृति को खत्म करने के लिए सबसे पहले उसके धर्म और संस्कृति को तोड़ा जाता है. पहले यह कार्य अंग्रेजों द्वारा किया गया था और वर्तमान में टूलकिट गैंग के माध्यम से किया जा रहा है. हम सभी को अपनी सभ्यता, संस्कृति और परंपराओं—जैसे प्रकृति पूजा और खूंट-पाट देवी देवता, ग्राम देवी देवता को बचाए रखने के लिए संगठित होकर संकल्प लेना होगा.
सम्मेलन की भागीदारी और समापन
इस मौके पर नगर परिषद के उपाध्यक्ष दीपक कुमार अग्रवाल, उमाकांत जी महाराज सहित कई अन्य लोगों ने भी उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए सम्मेलन में आए लोगों के बीच ऊर्जा का संचार किया. कार्यक्रम में स्वागत भाषण रामरेखा धाम के प्रधान संरक्षक दुर्ग विजय सिंह देव जबकि धन्यवाद ज्ञापन पंचायत के मुखिया गंगाधर लोहरा के द्वारा किया गया. कार्यक्रम के अंत में सामूहिक रूप से हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन किया गया, जिसके बाद महाप्रसाद का वितरण किया गया.
कार्यक्रम को सफल बनाने में आयोजन समिति के सभी सदस्यों के साथ-साथ गांव के महिला-पुरुष और युवा वर्ग की महत्वपूर्ण भूमिका रही. इस मौके पर हजारों की संख्या में लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा.
