रांची: राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी सर्वजन पेंशन योजना के तहत रांची जिले में मार्च 2026 तक की पेंशन राशि का भुगतान कर दिया गया है. जिला प्रशासन के अनुसार कुल 2 लाख 52 हजार 330 लाभुकों के बैंक खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से 43 करोड़ 58 लाख 38 हजार रुपये भेजे गए हैं.
डीसी के निर्देश पर चलाया गया विशेष अभियान
रांची डीसी मंजूनाथ भजन्त्री के निर्देश पर यह भुगतान सुनिश्चित किया गया. प्रशासन ने बताया कि सभी पात्र लाभुकों तक समय पर पेंशन पहुंचाने के लिए विशेष अभियान चलाया गया.
वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत सबसे अधिक राशि का भुगतान
सबसे अधिक राशि मुख्यमंत्री राज्य वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत दी गई. इस योजना के 1 लाख 83 हजार 508 लाभुकों को फरवरी और मार्च, दो महीने की पेंशन एक साथ दी गई. इसके तहत कुल 36 करोड़ 70 लाख 16 हजार रुपये का भुगतान किया गया, जिससे बुजुर्गों को बड़ी राहत मिली है.
अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के लाभुकों को भी मिली पेंशन
वहीं अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के अंतर्गत 68 हजार 822 लाभुकों को मार्च महीने की पेंशन के रूप में 6 करोड़ 88 लाख 22 हजार रुपये दिए गए. इनमें मुख्यमंत्री राज्य आदिम जनजाति पेंशन योजना, एचआईवी/एड्स पीड़ित सहायता पेंशन, निराश्रित महिला सम्मान पेंशन, स्वामी विवेकानंद निशक्त स्वावलंबन प्रोत्साहन योजना तथा ट्रांसजेंडर सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना शामिल हैं.
विभिन्न योजनाओं में लाभुकों की संख्या का विवरण
लाभुकों की संख्या पर नजर डालें तो वृद्धावस्था पेंशन योजना में सबसे अधिक 1,83,508 लाभुक हैं, जबकि निराश्रित महिला पेंशन योजना के 47,677, निशक्त स्वावलंबन योजना के 20,398, एचआईवी/एड्स सहायता योजना के 415, आदिम जनजाति पेंशन योजना के 329 और ट्रांसजेंडर पेंशन योजना के 3 लाभुक शामिल हैं.
DBT के माध्यम से पारदर्शी और समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि प्रत्येक लाभुक को 1-1 हजार रुपये की पेंशन राशि DBT के जरिए सीधे उनके बैंक खाते में भेजी गई है, जिससे पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित हो सके.
आधार सीडिंग और सत्यापन अनिवार्य, नहीं तो अटक सकती है पेंशन
जिला प्रशासन ने उन लाभुकों को विशेष रूप से सचेत किया है, जिनके खाते में अब तक पेंशन राशि नहीं पहुंची है. ऐसे लाभुकों को अपने बैंक खाते से आधार सीडिंग अनिवार्य रूप से कराने को कहा गया है. इसके साथ ही सभी लाभुकों से अपने संबंधित प्रखंड या अंचल कार्यालय में भौतिक सत्यापन कराने का भी अनुरोध किया गया है, ताकि भविष्य में पेंशन भुगतान में कोई बाधा न आए.
नियमित लाभ के लिए प्रक्रिया पूरी करना जरूरी
प्रशासन का कहना है कि आधार सीडिंग और सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करने पर ही योजना का लाभ नियमित रूप से मिलता रहेगा.
