Ranchi: रांची जिला प्रशासन के खनन विभाग की तरफ से 14 मई को सूचना विभाग को एक पत्र जारी किया जाता है. पत्र के मुताबिक खनन विभाग की तरफ से रांची में जब्त सभी आठ बालू के स्टॉक को निलामी किया जाना है. इसके लिए सूचना विभाग को अखबारों में विज्ञापन निकाले जाने की जानकारी दी गयी है. कहा गया कि स्थानीय चार अखबारों में विज्ञापन निकालकर खनन विभाग को सूचित किया जाए. हालांकि अभी तक विज्ञापन नहीं निकाला गया है. खनन विभाग की तरफ से निलामी 25 मई को की जानी है. निलामी में अब सिर्फ सात दिन बचे हैं.
रातू के चटकपुर के स्टॉक की भी निलामी करा रहा विभाग
13 मई को रातू के चटकपुर में एक हाई वोल्टेज बालू चोरी की घटना घटी. करीब 90 हजार CFT बालू चोरी हो गयी. इस चोरी का आरोप सीधा रांची के DMO अबु हुसैन पर लग रहा है. जांच के लिए 15 मई को एक समिति भी बनी है. समिति की जांच रिपोर्ट अब तक नहीं आयी है और ना ही समिति की तरफ से चोरी हुए बालू को जब्त किया गया है. बालू चोरी के दौरान साइट पर अबु हुसैन खुद मौजूद थे (सोशल मीडिया में वीडियो वायरल). घटना 13 मई के रात की है, तो ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि खनन विभाग की तरफ से 14 मई को रातू के चटकपुर के बालू स्टॉक को निलाम कराने का निर्देश कैसे जारी किया जा सकता है.

चटकपुर की पूरी कहानी
रातू के चटकपुर में बासुदेव पंडित और प्रवीण प्रजापति अवैध स्टॉक यार्ड बनाकर बालू का स्टॉक किए हुए थे. इस सूचना पर डीएमओ अबु हुसैन ने 12 मई को शाम में छापेमारी की. इस दौरान स्टॉक यार्ड के पास कोई नहीं मिला. उन्होंने इसकी सूचना रातू थानेदार को दी और बालू जब्त करने को कहा. थाना से एक सिपाही को जब्त स्थल पर भेजा गया. लेकिन, उसी रात करीब 11 बजे से सुबह 4 बजे तक 15 हाइवा से जब्त बालू का उठाव होने लगा. इसकी सूचना मिलते ही बालू कारोबारी सहित स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और बालू उठाव का विरोध किया. वहां डीएमओ भी पहुंचे. ग्रामीण बालू ले जाने की वजह जानने पर अड़ गए. डीएमओ ने कहा कि जब्त बालू सरकारी संपत्ति है, इसलिए उसे अपने कब्जे में लिया गया है. हंगामे के बाद डीएमओ और पुलिसकर्मी ग्रामीणों को चेतावनी देकर चले गए.
