चतरा: जिले के सिमरिया थाना क्षेत्र स्थित कासियातू करमटांड जंगल में 23 फरवरी को हुए एयर एंबुलेंस हादसे से जुड़ा एक अहम सुराग 21 दिन बाद सामने आया है. रविवार को महुआ चुनने गए ग्रामीणों को जंगल में विमान का इंजन दिखाई दिया. इसके बाद ग्रामीणों ने तुरंत इसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दी.

महुआ चुनने गए ग्रामीणों को मिला इंजन
रविवार को महुआ चुनने जंगल गए ग्रामीणों को विमान का इंजन और कुछ अन्य मलबा दिखाई दिया. ग्रामीणों ने इसकी जानकारी तुरंत सिमरिया थाना पुलिस को दी. सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और इंजन को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी.
दुर्घटनास्थल से एक किलोमीटर दूर मिला इंजन
बताया जा रहा है कि विमान का इंजन दुर्घटना स्थल से करीब एक किलोमीटर दूर जंगल में मिला है. हादसे के बाद से ही विमान के बचे हुए हिस्सों की तलाश की जा रही थी.
23 फरवरी को हुआ था दर्दनाक हादसा
गौरतलब है कि 23 फरवरी को इसी इलाके में एक एयर एंबुलेंस क्रैश हो गई थी. इस भीषण हादसे में पायलट समेत कुल सात लोगों की मौत हो गई थी.
रांची से दिल्ली जा रहा था विमान
जानकारी के अनुसार रांची से मरीज को लेकर दिल्ली जा रहे इस एयर एंबुलेंस में पायलट, मरीज, डॉक्टर, पैरामेडिक स्टाफ और मरीज के परिजन समेत कुल सात लोग सवार थे. हादसे में सभी की मौत हो गई थी.
डीजीसीए टीम कर चुकी है जांच
हादसे के बाद नागरिक उड्डयन महानिदेशालय की विशेष टीम ने घटनास्थल का दौरा किया था और मलबे के कई हिस्सों को एकत्रित कर अपने साथ कोलकाता ले गई थी.
पुलिस ने इंजन को लिया कब्जे में
सिमरिया थाना प्रभारी सूर्य प्रताप सिंह ने बताया कि बरामद इंजन को पुलिस ने सुरक्षित कब्जे में ले लिया है और जांच टीम के आने का इंतजार किया जा रहा है. अधिकारियों का मानना है कि इंजन मिलने से हादसे के कारणों का पता लगाने में महत्वपूर्ण मदद मिल सकती है.

