धनबाद: जिले के बलियापुर थाना क्षेत्र सिंगियाटांड़ गांव में एक अफवाह ने सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश की. एक पशु अवशेष मिलने की खबर के बाद दो समुदाय आमने-सामने आ गए. स्थिति इतनी बिगड़ गई कि भीड़ ने थाना प्रभारी के साथ धक्का-मुक्की की, जिसके जवाब में पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा. घटना सोमवार सुबह करीब 11:00 बजे की है. गांव के एक सुनसान इलाके में एक प्रतिबंधित वस्तु मिलने की सूचना आग की तरह फैल गई. देखते ही देखते दोनों समुदायों के लोग भारी संख्या में वहां जुटने लगे. नारेबाजी और आरोप-प्रत्यारोप के बीच माहौल तनावपूर्ण हो गया और हिंसक टकराव की स्थिति बन गई.

पुलिस पर हमला और जवाबी कार्रवाई
सूचना मिलते ही बलियापुर थाना प्रभारी सत्यजीत कुमार दलबल के साथ मौके पर पहुंचे. उन्होंने उग्र भीड़ को समझाने का प्रयास किया, लेकिन कुछ असामाजिक तत्वों ने माहौल को और भड़का दिया. इस दौरान भीड़ ने पुलिस टीम को घेर लिया और थाना प्रभारी के साथ धक्का-मुक्की की.
बिगड़ते हालात और पुलिस पर बढ़ते दबाव को देखते हुए प्रशासन ने हल्का लाठीचार्ज करने का आदेश दिया. लाठीचार्ज के बाद मौके पर भगदड़ मच गई और भीड़ तितर-बितर हो गई, जिससे एक बड़ा दंगा होने से टल गया. मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए जिले के आला अधिकारी तुरंत सक्रिय हुए. अधिकारियों को निर्देश दिया है कि क्षेत्र में 24 घंटे गश्त की जाए और सोशल मीडिया पर फैलने वाली भ्रामक खबरों पर कड़ी नजर रखी जाए. वर्तमान में गांव में शांति बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है.
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