Guwahati : बुधवार यानी आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी असम के दौरे पर हैं. उन्होंने धेमाजी जिले के गोगामुख में अपनी पहली चुनावी जनसभा को संबोधित किया. यहां उन्होंने भाजपा उम्मीदवार रनोज पेगू और नबा कुमार डोले के पक्ष में जनता से वोट मांगे. इन कार्यक्रमों में भाजपा के कई बड़े नेता और राज्य सरकार के मंत्री भी मौजूद रहे. अपनी चुनावी रैली से पहले पीएम डिब्रूगढ़ पहुंचे और चाय के बागान में काम करने वाली महिलाओं से बातचीत की. इसका अनुभव साझा करते हुए पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ‘चाय असम की आत्मा है! यहां की चाय पूरी दुनिया में मशहूर है. आज सुबह डिब्रूगढ़ में, मैं एक चाय बागान में गया और वहां काम करने वाली महिलाओं से बातचीत की. यह एक बेहद यादगार अनुभव था.’
ये भी पढ़ें : विष्णुगढ़ में मासूम बच्ची की मौत मामले में पोस्टपार्टम रिपोर्ट में दुष्कर्म, जीव काटने और दांत तोड़ने की पुष्टि नहीं
असम में भी भाजपा-एनडीए की जीत की हैट्रिक लगेगी : पीएम
रैली को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कहा, असम के चुनाव की घोषणा के बाद ये मेरी पहली जनसभा है. लोगों की यह भारी भीड़ तीसरी बार जीत का पक्का सबूत है. प्रधानमंत्री ने बताया कि जनता के आशीर्वाद से उन्होंने प्रधानमंत्री बनने की हैट्रिक पूरी की है. अब असम में भी भाजपा-एनडीए की जीत की हैट्रिक लगेगी. प्रधानमंत्री ने कहा कि यह चुनाव विकसित असम और विकसित भारत बनाने के लिए है. उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी तीसरी हार तय है. कांग्रेस के ‘राजकुमार’ हार का शतक लगाएंगे. उन्होंने सर्वानंद सोनोवाल और हिमंत विश्व शर्मा के नेतृत्व में हुए 10 साल के विकास कार्यों की भी तारीफ की.
पीएम मोदी ने विकास कार्यों का किया जिक्र
विकास कार्यों का जिक्र करते हुए पीएम मोदी बताया कि अब तक 22 लाख परिवारों को पक्के घर मिले हैं. भाजपा के संकल्प पत्र के अनुसार, जिन परिवारों को अब तक घर नहीं मिले, उन्हें भी पक्के मकान दिए जाएंगे. आने वाले समय में 15 लाख और परिवारों को घर देने की गारंटी है. गरीब बच्चों को बालवाड़ी से लेकर पोस्ट ग्रेजुएशन (स्नातकोत्तर) तक मुफ्त शिक्षा मिलेगी. महिलाओं के लिए उन्होंने कहा कि ‘लखपति दीदी’ अभियान से असम की तीन लाख बहनें ‘लखपति बाईदेव’ बन चुकी हैं. एनडीए सरकार अब 40 लाख बहनों को ‘लखपति बाईदेव’ बनाने का प्रयास करेगी. इसके साथ ही ‘ओरुनोदोई’ योजना का विस्तार होगा और इसमें अधिक लाभ जोड़े जाएंगे.
ये भी पढ़ें : ITBP Constable Bharti 2026: कॉन्स्टेबल पदों पर आवेदन शुरू, 10वीं पास युवाओं के लिए सुनहरा अवसर
सरकार ने 18,000 करोड़ रुपये का ‘बाढ़ मुक्त असम मिशन’ शुरू किया
अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम के विकास के लिए अपना रोडमैप साझा किया. उन्होंने कहा कि असम को बाढ़ से बचाने के लिए सरकार ने 18,000 करोड़ रुपये से अधिक का ‘बाढ़ मुक्त असम मिशन’ शुरू किया है. इसके तहत आधुनिक तटबंध बनाने पर करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं. प्रधानमंत्री ने कहा कि पहले असम में बम और हिंसा का माहौल था, लेकिन भाजपा सरकार के आने के बाद हजारों युवाओं ने हथियार छोड़कर मुख्यधारा को अपना लिया है.

असम में लगेगा सेमीकंडक्टर प्लांट : पीएम मोदी
किसानों के फायदे का जिक्र करते हुए प्रधानमत्री ने बताया कि पीएम फसल बीमा योजना से असम के करीब 11 लाख किसानों को 730 करोड़ रुपये से अधिक का क्लेम मिल चुका है. प्रधानमंत्री ने एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि अब असम की पहचान सिर्फ चाय से नहीं, बल्कि ‘चिप’ (सेमीकंडक्टर) से भी होगी. असम में सेमीकंडक्टर प्लांट लगने से यह आधुनिक तकनीक का बड़ा केंद्र बनेगा. भविष्य में फोन, गाड़ियां, टीवी और फ्रिज जैसे सामान असम में बनी चिप से ही चलेंगे.
ये भी पढ़ें : धनबाद: भू-धंसान में तीन की मौत के बाद भारी बवाल, BCCL अधिकारियों पर पथराव और वाहनों में तोड़फोड़
कांग्रेस ने सत्ता के लिए समाज को बांटा : पीएम मोदी
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने सत्ता के लिए समाज को बांटा और ब्रह्मपुत्र के दो किनारों को कभी जुड़ने नहीं दिया. कांग्रेस ने 60-65 साल में ब्रह्मपुत्र नदी पर सिर्फ 3 पुल बनाए थे. इसके विपरीत, डबल इंजन सरकार ने पिछले 11 वर्षों में ही 5 बड़े पुलों का काम पूरा किया. बोगीबील और भूपेन हजारिका जैसे पुलों ने असम के लोगों का जीवन बदल दिया है. उन्होंने भरोसा दिया कि भाजपा सरकार बनने पर असम का विकास और तेजी से होगा और यह ‘मोदी की गारंटी’ है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए कहा कि इस पार्टी के लिए हमेशा सत्ता की राजनीति और अपना परिवार ही सबसे ऊपर रहा है. उन्होंने कहा कि दिल्ली में एक परिवार है और एक परिवार यहां असम में भी है. कांग्रेस ने दशकों तक शासन किया, लेकिन लोगों के स्वास्थ्य की चिंता नहीं की. पिछले 6-7 दशकों में असम में सिर्फ 6 मेडिकल कॉलेज बने थे. इसके विपरीत, आज असम में 14 मेडिकल कॉलेज हैं और 10 नए कॉलेजों पर काम चल रहा है.
