Giridih: शहर में मंगलवार को नगर निगम ने ट्रैफिक पुलिस के सहयोग से एक बार फिर अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया. गांधी चौक से बड़ा चौक तक सड़क किनारे लगाए गए ठेले-खोमचे हटाए गए, जबकि सड़क पर खड़े दोपहिया और चारपहिया वाहनों के चालान भी काटे गए. साथ ही सड़क किनारे फैली गंदगी को साफ रखने के निर्देश दिए गए. अभियान के दौरान फुटपाथी दुकानदारों और निगम अधिकारियों के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली. दुकानदारों ने आरोप लगाया कि बिना किसी प्रभावी वैकल्पिक व्यवस्था के अचानक की जा रही कार्रवाई से उनकी आजीविका प्रभावित हो रही है. उनका कहना था कि प्रशासन पहले उनके लिए उचित और स्थायी स्थान उपलब्ध कराए, उसके बाद वे स्वयं दुकानें हटा देंगे.

यह भी पढ़ें: रांची: NEET-CBSE पेपर लीक के विरोध में युवा कांग्रेस का लोक भवन घेराव, छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ बंद करने की मांग

सड़क पर अतिक्रमण स्वीकर नहीं
दुकानदारों ने यह भी सवाल उठाया कि शाम के समय सड़क किनारे लगने वाली फास्ट फूड, चाट और गुपचुप की दुकानों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होती, जबकि दिन में फल और सब्जी विक्रेताओं को हटाने पर अधिक जोर दिया जाता है. वहीं, निगम अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सड़क पर अतिक्रमण और अवैध पार्किंग किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी. अधिकारियों के अनुसार, फुटपाथी दुकानदारों को हुट्टी बाजार स्थित हटिया परिसर में दुकान लगाने का विकल्प दिया गया है, लेकिन अधिकांश दुकानदार वहां जाने को तैयार नहीं हैं. उन्होंने कहा कि शहर की यातायात व्यवस्था और आम लोगों की सुविधा को देखते हुए अतिक्रमण के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा.
यह भी पढ़ें: राज्य और केंद्र के बीच JJM 2.0 पर MOU साइन: CM सोरेन ने उठाए 6,500 करोड़ के बकाये और NOC के मुद्दे

सभी प्रकार के अतिक्रमण पर समान रूप से हो कार्रवाई
दूसरी ओर, स्थानीय दुकानदारों ने मांग की है कि प्रशासन सभी प्रकार के अतिक्रमण पर समान रूप से कार्रवाई करे और छोटे व्यवसायियों के लिए व्यवहारिक वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करे. अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई और दुकानदारों की मांगों के बीच टकराव की स्थिति आने वाले दिनों में भी देखने को मिल सकती है.
