Koderma: उपायुक्त के आदेशानुसार एवं विभागीय निर्देशानुसार खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी कोडरमा, अभिषेक आनंद ने आज कोडरमा सदर बाज़ार, दूधीमाटी, लखीबागी एवं जेजे कॉलेज के पास होटल, ढाबा, किराना दुकान एवं ठेला खोमचा का जांच किया गया. कोटपा 2003 के तहत खुला तंबाकु एवं सिगरेट बेचने के कारण कुल दस दुकानों से लगभग चार हज़ार जुर्माना वसूला गया. सभी को कोटपा अधिनियम के तहत खुला तंबाखू उत्पाद नहीं बेचने एवं सरकारी कार्यालय, स्कूल, कॉलेज, अस्पताल आदि के सौ मीटर के अंदर किसी भी प्रकार का तंबाखू उत्पाद का बिक्री या सेवन नहीं करने के संबंध में निर्देशित किया गया. होटल ढाबा आदि में भी धूम्रपान एवं शराब के सेवन नहीं करने के संबंध में भी चेतावनी दिया गया.

छोले में मिला कैंसर कारक रंग
जेजे कॉलेज एवं सदर बाज़ार स्थित गोलगप्पा एवं चाट विक्रेताओं द्वारा छोले में कैंसर कारक कपड़ा रंगने वाला चंपईया रंग जिसे मछली रंग, सम्राट रंग, जादू रंग, पुडिया रंग आदि भी बोला जाता है, का उपयोग पाया गया. जिसके बाद छोले को नष्ट करते हुए चेतावनी दिया गया.
होटल-ढाबों को नोटिस, फूड लाइसेंस बनाने का निर्देश
जांच के दौरान एमके ढाबा, प्रकाश होटल, सम्राट होटल, छोटू होटल एवं कई ठेला खोमचा के पास फूड लाइसेंस नहीं पाया गया. वहीं एमके ढाबा और प्रकाश होटल में गंदगी पाए जाने के कारण नोटिस निर्गत कर अग्रेतर कार्रवाई की जा रही है. सभी को जल्द से जल्द नज़दीकी प्रज्ञा केंद्र अथवा सदर अस्पताल कोडरमा स्थित खाद्य सुरक्षा कार्यालय आकर फूड लाइसेंस हेतु आवेदन करने को निर्देश दिया गया अन्यथा अगली जांच में अर्थदंड अधिरोपित किया जाएगा. साथ ही, गलत जानकारी प्रदान कर फूड लाइसेंस प्राप्त करने वालों का फूड लाइसेंस निलंबित कर दिया जाएगा एवं अर्थदंड अधिरोपित करने के संबंध में कार्रवाई किया जाएगा.
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गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री बेचने का निर्देश
सभी को समुचित साफ सफाई, स्वच्छता एवं हाइजीन का पालन करते हुए गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री का विक्रय सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया. कार्ट/ठेला आदि पर फूड लाइसेंस प्रदर्शित करने का भी कड़ा निर्देश दिया. सभी खाद्य कारोबारियों को अपने प्रतिष्ठानों से एक्सपायरी, बासी अथवा सड़ी-गली खाद्य सामग्री को तत्काल नष्ट करने का सख्त निर्देश दिया गया.
सभी होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा एवं फूड स्टाल संचालकों को पनीर एवं खोआ भरोसेमंद और फूड लाइसेंस प्राप्त प्रतिष्ठानों से पक्का बिल प्राप्त करने के बाद ही खरीदने और उपयोग करने का निर्देश दिया गया. निर्माणाधीन खाद्य पदार्थों में केवल गुणवत्तापूर्ण सामग्री एवं FSSAI प्रमाणित फूड कलर का निर्धारित मात्रा में उपयोग करने का निर्देश दिया गया. साथ ही सभी खाद्य कारोबारियों को लोकल वेंडर से प्राप्त किए गए पैकेज्ड खाद्य सामग्री जैसे मसाला, नमकीन, मिक्सचर, लड्डू, सॉस, कैंडी, पानी बोतल, कोल्ड ड्रिंक्स आदि पर FSSAI लाइसेंस नंबर, निर्माण तिथि, एक्सपायरी तिथि एवं निर्माता का पूर्ण पता सुनिश्चित करने के बाद एवं पक्का बिल प्राप्त करने के बाद ही उपयोग एवं बिक्री करने का निर्देश दिया गया. जांच के क्रम में अगर उपरोक्त दिशा निर्देशों का उल्लंघन पाया गया तो खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम 2006 के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
जांच दल में खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी के अतिरिक्त सदर थाना के पुलिस अवर निरीक्षक शैलेन्द्र कुमार, आरक्षी मुन्ना महतो, आरक्षी चंचूल कुमार एवं चालक लखपत यादव, एनसीडी के सोशल वर्कर हिमांशु कुमार, कंप्यूटर ऑपरेटर धर्म प्रसाद सहित अन्य मौजूद थे.
