Ranchi: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के रांची स्थित प्रांतीय कार्यालय पर हुए पेट्रोल बम हमले के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है. एजेंसी ने इस कांड के पीछे छिपी किसी बड़ी साजिश और अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन को खंगालने के लिए दो प्रमुख आरोपियों को सात दिनों की पुलिस रिमांड पर लिया है.
9 जुलाई तक रिमांड पर रहेंगे आरोपी अमन और सायम
NIA की विशेष अदालत से अनुमति मिलने के बाद गुरुवार (2 जुलाई) से लेकर 9 जुलाई तक दोनों आरोपियों से सघन पूछताछ की जाएगी. जिन दो आरोपियों को रिमांड पर लिया गया है, उनके अमन अंसारी उर्फ गोलू और सायम सुजान शामिल है. रांची पुलिस और झारखंड एटीएस (ATS) से मिले दस्तावेजों और प्रारंभिक इनपुट के आधार पर NIA ने यह कदम उठाया है. एजेंसी को कुछ ऐसे नए और चौंकाने वाले तथ्य मिले हैं, जिनकी से पुष्टि करना बेहद जरूरी है.

तीसरा आरोपी सैफ अंसारी फिलहाल रिमांड से बाहर
इस मामले के तीसरे मुख्य आरोपी सैफ अंसारी को फिलहाल NIA ने रिमांड पर नहीं लिया है. पुलिस हिरासत से भागने की कोशिश के दौरान हुए एनकाउंटर में सैफ के पैर में गोली लगी थी. घायल होने के कारण उसका इलाज चल रहा है, जिसके चलते अभी उससे रिमांड पर पूछताछ नहीं की जा रही है.
गृह मंत्रालय के निर्देश पर UAPA के तहत केस दर्ज
16 जून की देर रात RSS कार्यालय पर हुए पेट्रोल बम हमले की गंभीरता और इसमें आतंकी एंगल की आशंका को देखते हुए केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इसकी जांच NIA को सौंपी थी. केंद्रीय गृह मंत्रालय के अवर सचिव विमल कुमार शुक्ला की आधिकारिक शिकायत पर NIA ने रांची थाने में मामला संख्या RC-01/2026/NIA/RNC के तहत FIR दर्ज की है.
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