Ranchi: झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश सचिव और प्रवक्ता ऋषीकेश सिंह ने भाजपा के समरसता संकल्प अभियान पर सवाल उठाते हुए इसे राजनीतिक दिखावा बताया है. उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता के नाम पर भाजपा केवल राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रही है. ऋषीकेश सिंह ने कहा कि जो पार्टी समाज को जाति और धर्म के नाम पर बांटने की राजनीति करती रही है, वह अब संत रविदास के विचारों का सहारा लेकर सामाजिक समरसता की बात कर रही है. उन्होंने कहा कि यह भाजपा का दोहरा रवैया है.
राजनीतिक जमीन मजबूत करने की कोशिश कर रही भाजपा
कांग्रेस प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि विधानसभा चुनाव में झारखंड की जनता ने भाजपा को नकार दिया है, इसलिए अब पार्टी संत रविदास के नाम पर अपनी राजनीतिक जमीन मजबूत करने की कोशिश कर रही है. उन्होंने कहा कि संविधान बदलने की बात करने वाले नेताओं को अब दलित समाज की याद आ रही है. उन्होंने कहा कि अगर भाजपा वास्तव में संत रविदास के विचारों का सम्मान करती है, तो उसे पहले नफरत और विभाजन की राजनीति छोड़नी चाहिए. सामाजिक समरसता केवल अभियान चलाने से नहीं, बल्कि संविधान, सामाजिक न्याय और सभी वर्गों को बराबरी का सम्मान देने से स्थापित होती है.
कांग्रेस पार्टी महापुरुषों के विचारों को व्यवहार में उतारने में रखती है विश्वास
ऋषीकेश सिंह ने कहा कि कांग्रेस पार्टी संत रविदास, डॉ. भीमराव आंबेडकर और बिरसा मुंडा जैसे महापुरुषों के विचारों को व्यवहार में उतारने में विश्वास रखती है. वहीं भाजपा चुनाव के समय उनके नाम का राजनीतिक इस्तेमाल करती है. उन्होंने कहा कि दलित और आदिवासी समाज भाजपा की राजनीति को समझ चुका है और केवल भाषणों से नहीं, बल्कि समानता और सामाजिक न्याय के आधार पर ही संत रविदास के विचारों का सम्मान किया जा सकता है.
