Hazaribagh: लगातार हो रही बारिश ने विष्णुगढ़ पंचायत के कसेरा मोहल्ला निवासी बुजुर्ग मसोमात उर्मिला देवी की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. स्वर्गीय गोपाल कसेरा की पत्नी मसोमात उर्मिला देवी का मिट्टी का खपरैल मकान गुरुवार की रात में अचानक बीच से ढह गया. मकान के धराशायी होने से बुजुर्ग महिला के सिर से छत छिन गई और वह खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हो गई हैं. बताया जाता है कि पिछले तीन-चार दिनों से हो रही लगातार बारिश के कारण मिट्टी का मकान काफी कमजोर हो गया था. गुरुवार को अचानक मकान का एक बड़ा हिस्सा भरभराकर गिर पड़ा. संयोगवश घटना के समय मसोमात उर्मिला देवी घर पर मौजूद नहीं थीं. वह किसी दूसरे के घर मजदूरी करने गई थीं. इसके कारण किसी तरह की जान-माल की क्षति नहीं हुई. हालांकि, मकान गिरने से उनका घरेलू सामान भी प्रभावित हुआ है और रहने का कोई सुरक्षित ठिकाना नहीं बचा है.

2022 से आवास की प्रतीक्षा, अब ढह गया आशियाना
स्थानीय लोगों के अनुसार, मसोमात उर्मिला देवी अत्यंत गरीब हैं और मजदूरी कर किसी तरह अपना जीवन-यापन करती हैं. बताया गया कि प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रतीक्षा सूची में उनका नाम वर्ष 2022 से शामिल है, लेकिन अब तक उन्हें आवास का लाभ नहीं मिल पाया है. मकान की स्थिति पहले से ही बेहद जर्जर थी. दरवाजा टूट चुका था और बारिश के दौरान छप्पर से पानी टपकता था. मजबूरी में वह पिछले करीब दो वर्षों से प्लास्टिक डालकर उसी मकान में रह रही थीं. लगातार बारिश के बीच मिट्टी का मकान ढहने के बाद उनकी परेशानी और बढ़ गई है. अब उनके सामने सुरक्षित आश्रय की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है.
यह भी पढ़ें: हजारीबाग: 23 अगस्त को बरही में लगेगा मेगा कैंप, मौके पर निबटेंगी लोगों की समस्याएं
प्रशासन से तत्काल आवास और राहत की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से मसोमात उर्मिला देवी की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए तत्काल राहत उपलब्ध कराने तथा उन्हें आवास योजना का लाभ दिलाने की मांग की है. ग्रामीणों का कहना है कि बुजुर्ग महिला की आर्थिक स्थिति बेहद कमजोर है और अपने स्तर से नया घर बनाना उनके लिए संभव नहीं है. लोगों ने कहा कि बारिश के मौसम में खुले या असुरक्षित स्थान पर रहना उनके लिए बेहद जोखिम भरा है. यदि समय रहते उन्हें सुरक्षित आवास उपलब्ध नहीं कराया गया तो किसी भी समय अनहोनी की आशंका बनी रह सकती है. ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले की जांच कर अविलंब सुरक्षित आवास एवं आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है.

