जमशेदपुर: जिले के कदमा स्थित मरीन ड्राइव पर गुरुवार आस्था और संस्कृति का एक नया अध्याय लिखा गया. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने वैदिक मंत्रोच्चार और भव्य अनुष्ठान के बीच श्री जगन्नाथ आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक केंद्र के निर्माण हेतु भूमि पूजन किया और शिलापट्ट का अनावरण कर इसकी आधारशिला रखी. इस ऐतिहासिक अवसर पर झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान विशेष रूप से उपस्थित रहे.

Also Read: अब हाई-टेक होगी झारखंड पुलिस, साक्ष्य जुटाने के लिए जल्द मोबाइल फोन खरीदने का निर्देश
पूरी स्थित जगन्नाथ मंदिर की तर्ज पर होगा निर्माण
लगभग 100 करोड़ रुपए की अनुमानित लागत से बनने वाला यह केंद्र ओडिशा के पुरी स्थित विश्व प्रसिद्ध श्री जगन्नाथ मंदिर की स्थापत्य कला और भव्यता की झलक पेश करेगा.इस केंद्र का संचालन श्री जगन्नाथ स्पिरिचुअल एंड कल्चरल चैरिटेबल सेंटर ट्रस्ट द्वारा किया जाएगा. यह केंद्र न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बनेगा, बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक समन्वय का एक जीवंत स्थल भी होगा.
मानव जीवन को तराशने की पहल: CM
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने जय जगन्नाथ’ के उद्घोष के साथ अपनी बात रखी. उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा, दुनिया में ऐसी कई संस्थाएं हैं जो अपने उद्देश्यों से समाज को दिशा देती हैं. श्री जगन्नाथ आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक केंद्र की स्थापना एक सराहनीय कदम है. ऐसी संस्थाएं न केवल स्वयं को, बल्कि संपूर्ण मानव जीवन को तराशने का कार्य करती हैं.मुख्यमंत्री ने ट्रस्ट की सोच और उद्देश्यों की प्रशंसा करते हुए विश्वास जताया कि आने वाले समय में यह केंद्र एक अभूतपूर्व और भव्य रूप लेकर उभरेगा, जो क्षेत्र के लिए गौरव का विषय होगा.

