लोहरदगा: उपायुक्त डॉ. ताराचदं की अध्यक्षता में आज स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित हुई. बैठक में उपायुक्त ने सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों को अपने-अपने पोषक क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं का फॉलोअप प्रसव पूर्व जांच से प्रसव तक किये जाने का निर्देश दिया.
कोताही नहीं की जाएगी बर्दाश्त
उपायुक्त ने कहा कि गर्भवती महिलाओं को आयरन फोलिक एसिड की दवाओं का सेवन बेहद जरूरी है, इसका पालन कराएं. इससे हीमोग्लोबीन का स्तर बढ़ेगा. नियमित रूप से उसकी जांच, दवाओं का सेवन, संस्थागत प्रसव, नवजात का टीकाकरण आदि का कार्य किया जाए. किसी भी चरण में कोताही बर्दाश्त नहीं होगी. जिन बच्चों का टीकाकरण का समय हो उनके अभिभावक को ससमय सूचित किया जाए. साथ ही गर्भवती महिलाओं की नियमित मॉनिटरिंग का निर्देश दिया.
किसी मरीज की मृत्यु पर दिखाएं संवेदनशीलता
उपयुक्त ने एमटीसी केंद्रों में भी अतिकुपोषित बच्चों को अतिकुपोषित की श्रेणी से बाहर लाने के लिए उन्हें भर्ती कराने का निर्देश दिया, ताकि उनकी बेहतर देखभाल हो सके. इसके अलावा, उपायुक्त ने कहा कि अगर किसी मरीज की मृत्यु किसी कारणवश हो जाती है, तो उसे उसके घर तक पहुंचाने में अपनी संवेदनशीलता अवश्य दिखाएं. परिजन की हरसंभव मदद करें.
अभियान चला कर खिलाएं फाइलेरिया की गोली
उपायुक्त ने कहा कि जिन पंचायतों में एमडीए कार्यक्रम में उपलब्धि कम है, वहां अभियान चला कर लोगों को फाइलेरिया रोधी दवा व कृमिनाशक दवा खिलाएं और छूटे हुए लोगों को भी प्रेरित करें. एक सप्ताह में इसे अभियान चला कर पूर्ण करें. उपायुक्त ने बैठक पीएम अभीम और 15वें वित्त आयोग अंतर्गत संचालित योजनाओं की भी समीक्षा की और आवश्यक निर्देश दिये. साथ ही, जिला में कुष्ठ रोगियों की पहचान व उनका इलाज, टीबी रोगियों की पहचान व उनका इलाज के संबंध में चर्चा की गई व निदेश दिये गये.
ये थे उपस्थित
आज की बैठक में उप विकास आयुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत, अपर समाहर्ता जितेंद्र मुण्डा, सिविल सर्जन डॉ. राजू कच्छप, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी व अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे.
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