Bihar: राजधानी पटना में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा रहा है. बिहार राज्य सड़क परिवहन निगम (बीएसआरटीसी) की शहर में संचालित सभी सीएनजी बसों को जल्द ही इलेक्ट्रिक बसों से बदल दिया जाएगा. प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत बांकीपुर डिवीजन को 150 नई इलेक्ट्रिक बसें मिलने जा रही हैं. मिली जानकारी के अनुसार, वर्तमान में पटना शहर के छह प्रमुख रूटों पर करीब 100 सीएनजी बसों का संचालन किया जा रहा है. इन सभी बसों को चरणबद्ध तरीके से इलेक्ट्रिक बसों से रिप्लेस किया जाएगा. वहीं शेष 50 इलेक्ट्रिक बसों को पटना से जुड़े आसपास के रूटों पर चलाया जाएगा.
अगले महीने से शुरू हो सकता है परिचालन
बीएसआरटीसी की योजना के अनुसार नई इलेक्ट्रिक बसों का परिचालन अगले महीने से शुरू होने की संभावना है. अतिरिक्त 50 बसों को बिहटा, बिहारशरीफ और हाजीपुर रूट पर लगाया जाएगा, जहां वर्तमान में यात्रियों की संख्या के मुकाबले बसों की उपलब्धता कम है.

यात्रियों को मिलेगी बड़ी राहत
फिलहाल पटना से बिहटा, बिहारशरीफ और हाजीपुर के लिए 25 बसों का संचालन किया जा रहा है, जिनमें 20 सीएनजी और 5 इलेक्ट्रिक बसें शामिल हैं. बसों की सीमित संख्या के कारण यात्रियों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है. नई 50 इलेक्ट्रिक बसों के शामिल होने से इन रूटों पर बसों की आवृत्ति बढ़ेगी और यात्रियों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी.
पर्यावरण संरक्षण को मिलेगा बढ़ावा
इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से शहर में प्रदूषण का स्तर कम करने में भी मदद मिलेगी. डीजल और सीएनजी वाहनों की तुलना में इलेक्ट्रिक बसें पूरी तरह प्रदूषणमुक्त मानी जाती हैं. इससे वायु गुणवत्ता में सुधार होगा और राजधानी को स्वच्छ एवं हरित परिवहन व्यवस्था की दिशा में नई पहचान मिलेगी.


