PALAMU: पलामू उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने अपने कार्यालय कक्ष में पेयजल एवं स्वच्छता विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान फंक्शनल हाउसहोल्ड टैप कनेक्शन (FHTC), मल्टी विलेज स्कीम (MVS), सिंगल विलेज स्कीम (SVS), जल मीनार एवं अन्य योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली गई.
जिले में कुल 3,65,812 FHTC का लक्ष्य निर्धारित है, जिसमें से अब तक 1,93,575 कनेक्शन उपलब्ध कराए जा चुके हैं, जो लगभग 52.91% उपलब्धि दर्शाता है. इस पर उपायुक्त ने शेष 1,72,237 कनेक्शन को जल्द पूर्ण करने के निर्देश दिए.
लंबित कार्यों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
उपायुक्त ने योजनाओं की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए निर्माणाधीन कार्यों को समय सीमा के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया. उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिन योजनाओं की प्रगति धीमी है, संबंधित एजेंसियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी.
खराब चापाकलों की मरम्मत को प्राथमिकता
बैठक में बताया गया कि जिले में कुल 27,037 चापाकलों में से 3,387 चापाकल खराब हैं. इनकी मरम्मत एवं पुनर्स्थापन का कार्य जारी है. गैंगमैन की नियुक्ति प्रखंडवार की गई है. उपायुक्त ने इसका व्यापक प्रचार-प्रसार करने और खराब चापाकलों को प्राथमिकता के आधार पर ठीक कराने का निर्देश दिया.
SVS और MVS योजनाओं की समीक्षा
SVS योजनाओं में अधिकांश कार्य 100% पूर्ण पाए गए, जबकि कुछ में आंशिक कार्य शेष है. उपायुक्त ने सभी कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए.
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MVS योजनाओं की समीक्षा में कुछ परियोजनाएं संतोषजनक पाई गईं, जबकि कुछ में भूमि अधिग्रहण, NHAI से NOC और तकनीकी बाधाओं के कारण देरी पाई गई.
पेयजल व्यवस्था में लापरवाही बर्दाश्त नहीं
कार्यपालक अभियंता ने बताया कि कुछ योजनाएं NH निर्माण के कारण प्रभावित हुई हैं, जिससे पेयजल आपूर्ति बाधित है. इस पर डीसी ने प्रोजेक्ट डायरेक्टर से समन्वय स्थापित कर सभी योजनाओं को दुरुस्त कराने के निर्देश दिए.
उन्होंने स्पष्ट कहा कि पेयजल जैसी बुनियादी सुविधा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नियमित मॉनिटरिंग व फील्ड विजिट बढ़ाने के निर्देश दिए.
गुणवत्ता और रिपोर्टिंग पर विशेष जोर
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि सभी योजनाओं की प्रगति रिपोर्ट नियमित रूप से अपडेट की जाए और कार्यों में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि आम जनता को स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध हो सके.
बैठक में सहायक अभियंता एवं कनीय अभियंता उपस्थित रहे.
