जमीन विवाद की जांच करने पहुंची पुलिस, महिला हुई बेहोश, कुछ देर बाद हो गई मौत, पुलिस पर लगे गंभीर आरोप, ग्रामीणों में आक्रोश

Koderma: जिले के सतगावां थाना क्षेत्र के टेहरो पंचायत स्थित भुताही गांव से एक तनावपूर्ण मामला सामने आया है. यहां जमीन विवाद...

Koderma: जिले के सतगावां थाना क्षेत्र के टेहरो पंचायत स्थित भुताही गांव से एक तनावपूर्ण मामला सामने आया है. यहां जमीन विवाद की जांच करने पहुंची पुलिस की पूछताछ के दौरान एक 55 वर्षीय महिला अचानक बेहोश हो गई, जिसकी देर रात इलाज के अभाव या अन्य कारणों से मौत हो गई। मृतका की पहचान भुताही ग्राम निवासी ब्रह्मदेव राजवंशी की पत्नी सरसतिया देवी के रूप में की गई है. इस घटना के बाद से स्थानीय ग्रामीणों और परिजनों में पुलिस-प्रशासन के खिलाफ भारी आक्रोश व्याप्त है.

पूछताछ के दौरान अचानक गिर पड़ी महिला

जानकारी के अनुसार, शनिवार दोपहर सतगावां थाने की पुलिस गश्ती दल जमीन विवाद के एक मामले की जांच के लिए भुताही गांव पहुंची थी. पुलिस टीम जब मृतका के परिजनों से पूछताछ कर रही थी, इसी दौरान सरसतिया देवी अचानक बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ीं. परिजनों का आरोप है कि महिला के बेहोश होने के बाद पुलिस टीम ने संवेदनशीलता नहीं दिखाई. उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस यह कहकर वहां से तुरंत चली गई कि पहले इनका इलाज करा लो, जांच बाद में की जाएगी. इसके बाद देर रात महिला ने दम तोड़ दिया. परिजनों का कहना है कि अगर समय रहते सही मदद या संवेदनशीलता दिखाई जाती, तो शायद महिला की जान बच सकती थी.

प्रशासन पर एकतरफा कार्रवाई का आरोप

पीड़ित परिवार और ग्रामीणों ने सतगावां पुलिस और अंचलाधिकारी पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं. ग्रामीणों का कहना है कि प्रशासन इस मामले में एकतरफा कार्रवाई कर रहा है और दूसरे पक्ष को फायदा पहुंचाने की कोशिश की जा रही है.

Also Read: रिम्स में बढ़ता मानसिक दबाव: डॉक्टर बनने की दौड़ में टूट रहे युवा

क्या है पूरा जमीन विवाद?

ग्रामीणों के मुताबिक, ब्रह्मदेव राजवंशी का राजेंद्र रविदास के साथ पिछले तीन महीनों से जमीनी विवाद चल रहा है. जिस जमीन पर ब्रह्मदेव राजवंशी का मकान बना हुआ है, राजेंद्र रविदास उस पर अपना दावा ठोक रहा है. ग्रामीणों का कहना है कि सरकार द्वारा दोनों पक्षों को अलग-अलग स्थानों का पर्चा (भूमि पट्टा) दिया गया है. इसके बावजूद राजेंद्र रविदास कथित तौर पर ब्रह्मदेव राजवंशी का घर तोड़कर जमीन पर कब्जा करना चाहता है. यह मामला पहले से ही अंचल कार्यालय में विचाराधीन था. इसी बीच राजेंद्र रविदास ने दोबारा थाने में आवेदन दे दिया, जिसके बाद पुलिस मामले की जांच करने गांव पहुंची थी.

पुलिस ने आरोपों को बताया बेबुनियाद, दी सफाई

दूसरी तरफ, सतगावां पुलिस ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को पूरी तरह से बेबुनियाद, गलत और राजनीति से प्रेरित बताया है. मामले को लेकर गश्ती दल के पदाधिकारी ने स्पष्टीकरण देते हुए कहा कि थाने को मिले आवेदन के आलोक में गश्ती दल की टीम गांव में सिर्फ जमीन से संबंधित दस्तावेज (कागजात) उपलब्ध कराने की मांग करने गई थी. पुलिस ने किसी के साथ कोई दुर्व्यवहार नहीं किया.

पूछताछ के दौरान महिला अचानक बेहोश हो गई थी. महिला को अस्वस्थ देख परिजनों ने उन्हें संभालना शुरू किया, जिसके बाद पुलिस टीम ने मानवीय आधार पर ही परिजनों से कहा था कि पहले इनका इलाज करवा लें, फिर बाद में थाने में कागजात दिखा दीजिएगा. इसके बाद पुलिस टीम वहां से शांतिपूर्वक लौट आई थी.

फिलहाल महिला की मौत के बाद गांव में माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है और ग्रामीण दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.

सम्बंधित ख़बरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *