Ranchi: सिल्ली पॉलिटेक्निक में बुधवार को आयोजित इंडस्ट्री-ओरिएंटेड ऑटोमेशन और आईओटी सिस्टम्स पर आधारित राष्ट्रीय कार्यशाला के उद्घाटन अवसर पर राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा है कि आज का युग विज्ञान, तकनीक और नवाचार का है. युवाओं को केवल किताबी डिग्री तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि आधुनिक तकनीकों में दक्ष होकर रोजगार मांगने वाले के बजाय रोजगार देने वाले बनना चाहिए.

मौका था सिल्ली पॉलिटेक्निक में इंडस्ट्री-ओरिएंटेड ऑटोमेशन और आईओटी सिस्टम्स पर आधारित राष्ट्रीय कार्यशाला का शुभारंभ का और मुख्य अतिथि के रूप में राज्यपाल उपस्थित थे. उन्होंने कहा कि ऑटोमेशन और आईओटी जैसी अत्याधुनिक तकनीकें आज उद्योग, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और दैनिक जीवन के लगभग हर क्षेत्र की तस्वीर बदल रही हैं. ऐसे में युवाओं को सीधे तौर पर उद्योग की मांग के अनुरूप तकनीकी कौशल से जोड़ना समय की सबसे बड़ी जरूरत है.
व्यावहारिक प्रशिक्षण और एआई पर जोर
राज्यपाल ने कहा कि तकनीकी शिक्षा की सार्थकता तभी है जब विद्यार्थी प्रयोग, नवाचार और व्यावहारिक प्रशिक्षण के माध्यम से सीखें. उन्होंने कहा कि आज आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, स्मार्ट सिस्टम और डिजिटल तकनीकों का तेजी से विस्तार हो रहा है और आने वाला समय उन्हीं का होगा जो नई तकनीकों को अपनाने और नवाचार करने की क्षमता रखते हों.
हाल ही में आयोजित एआई समिट का जिक्र करते हुए उन्होंने विश्वास जताया कि भारत इस नई तकनीकी क्रांति में वैश्विक स्तर पर अग्रणी भूमिका निभाने की क्षमता रखता है.
झारखंड में प्रतिभा की कमी नहीं : राज्यपाल
राज्यपाल ने कहा कि झारखंड युवाओं के जोश और प्रतिभा से भरा राज्य है. जरूरत केवल सही मार्गदर्शन और आधुनिक अवसर उपलब्ध कराने की है. उन्होंने कहा कि यदि विद्यार्थी तकनीक आधारित कौशल में दक्ष बनेंगे, तो वे भविष्य में रोजगार सृजन करने वाले बनेंगे.
