Giridih: गिरिडीह वन प्रक्षेत्र के पीरटांड़ इलाके में 28 जंगली हाथियों के बड़े झुंड ने ग्रामीणों की नींद उड़ा दी. सरिया क्षेत्र से पहुंचा हाथियों का दल दुधनिया समेत कई गांवों में घूमता रहा, जिससे पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया. स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि वन विभाग को लगातार दो रात तक विशेष अभियान चलाना पड़ा.

किया गया अत्याधुनिक ड्रोन तकनीक का इस्तेमाल
वन विभाग ने पहली बार अत्याधुनिक ड्रोन तकनीक का इस्तेमाल करते हुए हाथियों की हर गतिविधि पर नजर रखी. ड्राइव टीम, क्यूआरटी वाहन और स्थानीय ग्रामीणों की मदद से हाथियों को रिहायशी इलाकों से खदेड़कर सुरक्षित जंगलों की ओर मोड़ा गया. जानकारी के अनुसार, हाथियों का झुंड दुधनिया, कठवारा, कुम्हारलालो, नावाडीह, प्रतापपुर, पारसबनी, जंगो, बिशुनपुर, खेताडाबर और अंगिया गांवों के आसपास घूमता रहा. कई गांवों में लोग पूरी रात जागते रहे और घरों से बाहर निकलने तक से डरते रहे.
वन विभाग ने ग्रामीणों से की अपील
वन विभाग के अधिकारियों ने माना कि हाल के दिनों में मानव-हाथी संघर्ष की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं. हाथियों के गांवों की ओर आने से कभी भी बड़ी घटना हो सकती है. इसी को देखते हुए ग्रामीणों से रात में सतर्क रहने, अकेले बाहर नहीं निकलने और वन विभाग के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है. विभाग का कहना है कि हाथियों को सुरक्षित कॉरिडोर की ओर भेज दिया गया है, लेकिन अब भी पूरे इलाके में निगरानी जारी है ताकि किसी प्रकार की जनहानि या नुकसान की घटना न हो.
