pakud : विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर बीजीआर माइनिंग एंड इंफ्रा प्राइवेट लिमिटेड द्वारा पचवारा नॉर्थ कोल माइंस परियोजना क्षेत्र में पर्यावरण संरक्षण एवं सामुदायिक विकास को समर्पित एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की शुरुआत वृक्षारोपण के साथ किया गया. कार्यक्रम का नेतृत्व मुख्य अतिथि अमुल कुमार सोरेन, क्षेत्रीय पदाधिकारी, झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (JSPCB) ने किया.

परियोजना प्रभावित गांवों में 20 उन्नत बायोमास चूल्हों का वितरण
इस दौरान परियोजना प्रभावित नौ गांवों के ग्राम प्रधानों, आलूबेड़ा पंचायत की मुखिया एवं प्रमुख तथा अन्य चयनित ग्रामीण नेताओं के बीच 20 थर्मल एफिशिएंट लकड़ी एवं बायोमास चूल्हों का वितरण किया गया. कार्यक्रम के दौरान उपस्थित ग्रामीणों को चूल्हे के संचालन एवं उपयोग की विस्तृत जानकारी दी गई तथा इसका प्रदर्शन भी किया गया. बताया जा रहा है यह चूल्हा पारंपरिक मिट्टी के चूल्हों की तुलना में 65 प्रतिशत कम लकड़ी की खपत होगा. साथ ही 70 प्रतिशत कम धुआं उत्सर्जित करेगा. इसके अतिरिक्त इस चूल्हे में भोजन कम समय में पकता है, जिससे समय एवं ईंधन दोनों की बचत होती है. चूल्हे की विशेषताओं को देखकर ग्रामीण अत्यंत प्रभावित एवं उत्साहित नजर आए. कंपनी ने भविष्य में प्रत्येक परियोजना प्रभावित परिवार को एक-एक चूल्हा उपलब्ध कराने की घोषणा भी की.
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