Ranchi : 21 जून को 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पूरे उत्साह और उमंग के साथ मनाया गया. इस वर्ष योग दिवस की थीम “स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग” रही, जिसका उद्देश्य शारीरिक फिटनेस, मानसिक स्वास्थ्य और दीर्घायु जीवनशैली को बढ़ावा देना है. भारत समेत दुनिया के कई देशों में योग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया. झारखंड से लेकर विदेशों तक लोगों में योग के प्रति विशेष उत्साह देखने को मिला.

कोलकाता में पीएम मोदी ने किया मुख्य समारोह का नेतृत्व
इस वर्ष राष्ट्रीय स्तर के मुख्य समारोह का नेतृत्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में किया. रेड रोड पर आयोजित भव्य कार्यक्रम में हजारों लोगों ने हिस्सा लिया. प्रधानमंत्री ने कॉमन योग प्रोटोकॉल सत्र में भाग लेने के साथ उपस्थित लोगों को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि हिमालय से लेकर हिंद महासागर तक और पूर्वोत्तर से लेकर सौराष्ट्र तक पूरा भारत योग की ऊर्जा से सराबोर नजर आ रहा है. संबोधन के बाद प्रधानमंत्री ने हजारों लोगों के साथ सामूहिक योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवन का संदेश दिया.

लेह की बर्फीली वादियों से लेकर राज्यों में दिखा योग का उत्साह
लद्दाख के पैंगोंग त्सो झील के किनारे भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के जवानों ने शून्य से नीचे तापमान में योगाभ्यास कर साहस और अनुशासन का परिचय दिया. वहीं उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य स्तरीय योग कार्यक्रम में हिस्सा लेकर लोगों को योग को दैनिक जीवन में अपनाने के लिए प्रेरित किया. राजस्थान की राजधानी जयपुर में अल्बर्ट हॉल परिसर में आयोजित कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी सहित बड़ी संख्या में लोगों ने योगाभ्यास किया.

खेल और मनोरंजन जगत की हस्तियों ने भी दिया फिटनेस का संदेश
केंद्रीय युवा मामले एवं खेल मंत्री मनसुख मंडाविया और अभिनेता अक्षय कुमार ने भी योग कार्यक्रमों में भाग लिया. दोनों ने युवाओं से स्वस्थ और फिट जीवनशैली अपनाने की अपील की.

तनावमुक्त और संतुलित जीवन का आधार है योग : ओम बिरला
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि आज के तनावपूर्ण और भागदौड़ भरे जीवन में योग मन को शांति, धैर्य और संतुलन प्रदान करता है. उन्होंने कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि बेहतर जीवन और सही निर्णय लेने की कला भी सिखाता है. उन्होंने लोगों से योग को एक दिन का उत्सव नहीं, बल्कि अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने की अपील की.

वैश्विक मंच पर और मजबूत हुई योग की पहचान
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर दुनिया भर में स्थित 210 से अधिक भारतीय दूतावासों और उच्चायोगों ने विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया. विश्व के करीब 2,500 स्थानों पर योग सत्र आयोजित किए गए. यह योग की बढ़ती वैश्विक लोकप्रियता और स्वीकार्यता का प्रमाण है. आज योग केवल भारत की सांस्कृतिक धरोहर नहीं, बल्कि विश्व को स्वस्थ जीवन की राह दिखाने वाला एक वैश्विक आंदोलन बन चुका है.


