Ranchi : गढ़वा के बंसीधर नगर पंचायत में सोलर पैनल और हाईमास्ट लाइट की खरीद में कथित अनियमितताओं से जुड़ी जनहित याचिका पर झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. मुख्य न्यायाधीश एम.एस. सोनक और न्यायाधीश राजेश शंकर की खंडपीठ ने मामले में सीबीआई CBI जांच की मांग को ठुकराते हुए कहा कि राज्य सरकार की ओर से उठाए गए कदम पर्याप्त है. अदालत ने मामले में आवश्यक कार्रवाई जारी रखने का निर्देश देते हुए जनहित याचिका का निष्पादन कर दिया. जनहित याचिका रामचंद्र केसरी की ओर से दायर की गई थी. याचिका में आरोप लगाया गया था कि बंसीधर नगर पंचायत में करीब 3000 सोलर पैनलों की खरीद में भारी वित्तीय अनियमितता हुई. 15 से 20 हजार रुपये की कीमत वाले सोलर पैनलों को करीब 80 हजार रुपये का दिखाकर खरीद की गई. इसके साथ ही हाईमास्ट लाइट की खरीद में भी दर बढ़ाकर भुगतान किए जाने और नामी कंपनी के बजाय सस्ती कंपनी के उत्पाद लगाए जाने का आरोप लगाया गया.
इंजीनियर्स को बनाया गया पक्षकार
मामले में चीफ इंजीनियर, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर, असिस्टेंट इंजीनियर और जूनियर इंजीनियर को पक्षकार बनाया गया था. राज्य सरकार की ओर से अधिवक्ता विभोर मयंक ने अदालत को बताया कि मामले की जांच सरकार ने शुरू कर दी है और आवश्यक कार्रवाई की जा रही है. इस पर अदालत ने माना कि सरकार की ओर से की जा रही जांच पर्याप्त है और सीबीआई CBI जांच की आवश्यकता नहीं है. याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता राजीव कुमार ने पक्ष रखा.



