Hazaribagh : मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण SIR 2026 के दौरान कथित लापरवाही बरतने के मामले में विष्णुगढ स्थित प्लस टू उच्च विद्यालय के प्राचार्य फणीश्वर नाथ महतो की मुश्किलें बढ़ गई है. जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त DC ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला शिक्षा पदाधिकारी DEO को पत्र जारी कर प्राचार्य से कारण बताओ स्पष्टीकरण प्राप्त करने और उनके विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है. जारी पत्र के अनुसार, सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी सह अंचल अधिकारी विष्णुगढ़ की प्रतिवेदन रिपोर्ट के आधार पर 30 जून 2026 को जिला आपूर्ति पदाधिकारी DSO के साथ प्लस टू उच्च विद्यालय परिसर स्थित मतदान केंद्र संख्या 417, 418, 419, 420 और 421 का औचक निरीक्षण किया गया. निरीक्षण के दौरान निर्धारित समय सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक विद्यालय बंद पाया गया. जबकि इसी अवधि में निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार विशेष गहन पुनरीक्षण का कार्य संचालित होना था.
स्कूल बंद होने के कारण बाहर किया निर्वाचन कार्य
विद्यालय बंद रहने के कारण वहां प्रतिनियुक्त बूथ लेवल ऑफिसर BLO विद्यालय भवन के बाहर बैठकर मतदाता पुनरीक्षण SIR से संबंधित कार्य करते मिले. भवन उपलब्ध नहीं होने के कारण बीएलओ BLO और बीएलओ BLO सुपरवाइजर को आवश्यक बुनियादी सुविधाएं नहीं मिल सकी. जिससे निर्वाचन कार्य प्रभावित हुआ. पत्र में उल्लेख किया गया है कि जिला शिक्षा पदाधिकारी सह नोडल पदाधिकारी द्वारा पूर्व में स्पष्ट निर्देश जारी किए जाने के बावजूद विद्यालय को बंद रखा गया. इसे निर्वाचन जैसे महत्वपूर्ण एवं समयबद्ध कार्य में लापरवाही और उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना माना गया है.
निर्वाचन कार्य में बाधा डालना दंडनीय अपराध
जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने अपने पत्र में यह भी स्पष्ट किया है कि निर्वाचन कार्य में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न करना लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा-134 के तहत दंडनीय अपराध की श्रेणी में आता है. इसी के मद्देनजर जिला शिक्षा पदाधिकारी को निर्देश दिया गया है कि प्राचार्य से स्पष्टीकरण प्राप्त कर उनके विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई सुनिश्चित किया जायें.
निर्वाचन संबधी कार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी
इस संबंध में जारी पत्र की प्रतिलिपि जिला शिक्षा अधीक्षक, जिले के सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों और सभी सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को भी आवश्यक कार्रवाई एवं सूचनार्थ भेजी गई है. जिला प्रशासन की इस कार्रवाई को विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है. प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि निर्वाचन जैसे संवेदनशील एवं समयबद्ध कार्य में किसी भी स्तर की लापरवाही या आदेशों की अवहेलना बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
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