NewsWave Desk : तमिलनाडु में गौहत्या से जुड़े मामले में सुप्रीम कोर्ट का अहम फैसला आया है. जहां सुप्रीम कोर्ट ने मद्रास हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दिया है. मद्रास हाईकोर्ट ने गौहत्या को पूर्ण प्रतिबंधित कर दिया था. जिसके बाद राज्य सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की. दायर याचिका में तमिलनाडु सरकार की ओर से बताया गया कि राज्य में 10 वर्ष से अधिक आयु के गोवंश की हत्या पर कानूनन रोक नहीं है. हाई कोर्ट ने इसके परे जाकर आदेश जारी कर दिया है. मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ में हुई. जहां कोर्ट ने तमिलनाडु सरकार की अपील पर सुनवाई करते हुए राज्य सरकार की याचिका पर नोटिस जारी किया और अगली सुनवाई तक हाईकोर्ट के फैसले के प्रभाव पर रोक लगाने का आदेश दिया.
सरकार ने बताया हाईकोर्ट का आदेश कानून के मुताबिक नहीं
तमिलनाडु सरकार ने दलील दी थी कि मूल याचिका सिर्फ बकरीद के मौके पर वैध बूचड़खानों के बाहर गाय और बछड़ों की कथित बलि के मुद्दे तक सीमित थी. सरकार का कहना था कि मद्रास हाईकोर्ट की खंडपीठ ने इस मसले से आगे बढ़ते हुए पूरे राज्य में गायों की हत्या पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्देश दे दिया. जो याचिका के दायरे से बाहर और कानून के मुताबिक नहीं है. मामले की अगली सुनवाई में सर्वोच्च न्यायालय यह तय करेगा कि मद्रास हाईकोर्ट का आदेश कानून और संविधान के अनुरूप था या नहीं.
