गिरिडीह: गर्भवती महिलाओं को समय पर मिले योजनाओं का लाभ, PM मातृ वंदना योजना की समीक्षा में उप विकास आयुक्त सख्त

Giridih: गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (PMMVY) का लाभ समय पर और पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराने के...

गिरिडीह

Giridih: गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (PMMVY) का लाभ समय पर और पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सोमवार को समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में उप विकास आयुक्त स्मृता कुमारी की अध्यक्षता में समाज कल्याण विभाग की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के तहत योजना की प्रखंडवार प्रगति की गहन समीक्षा करते हुए अधिकारियों को लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन करने और शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के निर्देश दिए गए.

संवेदनशीलता के साथ कार्य करें

बैठक के दौरान लाभुकों के पंजीकरण,आधार सीडिंग,एनपीसीआई मैपिंग,फेस ऑथेंटिकेशन,सत्यापन,स्वीकृति तथा भुगतान की स्थिति की बिंदुवार समीक्षा की गई. समीक्षा में सामने आया कि जुलाई की तुलना में अगस्त माह तक जिले में योजना के तहत लाभुकों के नामांकन और स्वीकृत मामलों में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है. हालांकि, सभी पात्र महिलाओं तक योजना का लाभ पहुंचाने के लिए अभी और तेजी से कार्य करने की आवश्यकता जताई गई. उप विकास आयुक्त स्मृता कुमारी ने कहा कि प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना केंद्र सरकार की एक महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजना है, जिसका उद्देश्य गर्भवती एवं धात्री महिलाओं के स्वास्थ्य, पोषण और सुरक्षित मातृत्व को बढ़ावा देना है. उन्होंने कहा कि किसी भी पात्र महिला को योजना के लाभ से वंचित नहीं रहना चाहिए और इसके लिए सभी संबंधित अधिकारी पूरी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ कार्य करें.

समय पर पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पात्र लाभुकों का समय पर पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए तथा आधार और बैंक खाते की सीडिंग, एनपीसीआई मैपिंग, फेस ऑथेंटिकेशन सहित सभी तकनीकी प्रक्रियाओं से जुड़े लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निष्पादन किया जाए. साथ ही अपेक्षाकृत कम प्रगति वाले प्रखंडों में विशेष अभियान चलाकर योजना के क्रियान्वयन में तेजी लाने को कहा गया. बैठक में नियमित मॉनिटरिंग, फील्ड स्तर पर सतत फॉलोअप तथा आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से अधिक से अधिक पात्र महिलाओं को योजना से जोड़ने पर भी विशेष जोर दिया गया. उप विकास आयुक्त ने कहा कि योजना का सफल क्रियान्वयन तभी संभव है जब सभी अधिकारी पारदर्शिता,जवाबदेही और संवेदनशीलता के साथ कार्य करें तथा प्रत्येक पात्र लाभुक तक समयबद्ध तरीके से लाभ पहुंचाना सुनिश्चित करें. समीक्षा बैठक में सहायक समाहर्त यश कुमार, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी अनिता कुजूर सहित समाज कल्याण विभाग के संबंधित पदाधिकारी एवं सभी प्रखंडों के अधिकारी उपस्थित रहे.

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