बोकारो: एसटीपी कार्य को लेकर सड़कों पर फैली कीचड़, अव्यवस्था का जायजा लेने पहुंचे डीवीसी के एचओपी, दिए सुधार के निर्देश

Bokaro: बेरमो अनुमंडल अंतर्गत बोकारो थर्मल स्टेशन रोड एवं उर्दू मजलिस के समीप सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) कार्य के लिए की गई...

Bokaro: बेरमो अनुमंडल अंतर्गत बोकारो थर्मल स्टेशन रोड एवं उर्दू मजलिस के समीप सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) कार्य के लिए की गई बेतरतीब खुदाई और उसके कारण सड़कों पर कीचड़ फैल गई है. जलजमाव की समस्या को डीवीसी के एचओपी सुशील कुमार अरजरिया ने बेहद गंभीरता से लिया है. छपी खबर पर स्वतः संज्ञान लेते हुए डीवीसी बोकारो थर्मल के एचओपी ने सोमवार को प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया. उन्होंने स्थानीय स्तर पर भरत जी पटेल कंपनी द्वारा पिछले एक माह से उर्दू मजलिस, स्टेशन स्थित हनुमान मंदिर और डारमेटरी के समीप की जा रही खुदाई और वहां की ताजा वस्तुस्थिति का बारीकी से जायजा लिया. इस निरीक्षण के दौरान एचओपी के साथ डीवीसी के कंस्ट्रक्शन हेड देव प्रसाद खां, सिविल विभाग के वरीय प्रबंधक सरफराज शेख, सिविल अभियंता पवन बाग्वे सहित संबंधित कंपनी के सूरज कुमार,शिवशंकर, राजेश कुमार सिंह और चंद्रपुरा के रामचंद्र मुख्य रूप से उपस्थित थे. निरीक्षण के दौरान एचओपी ने सर्वप्रथम उर्दू मजलिस स्थित कार्यस्थल का रुख किया, जहां उन्होंने पाया कि पूरा रास्ता कीचड़ और पानी से सराबोर है. वहां खोदे गए गड्ढे में लबालब पानी भरा हुआ था और जेसीबी के बकेट से ऑपरेटर पानी बाहर निकालने का निष्प्रभावी प्रयास कर रहा था, जिससे आधा पानी वापस गड्ढे में ही गिर रहा था. इस अव्यवस्था के कारण आसपास का पूरा क्षेत्र दलदल में तब्दील हो चुका है और स्थानीय नागरिकों व राहगीरों को आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.

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पानी निकालने के लिए ज्यादा पावर का मोटर लगाने का निर्देश

इस स्थिति पर नाराजगी जताते हुए एचओपी ने कंस्ट्रक्शन हेड, सिविल के वरीय प्रबंधक और निर्माण कंपनी के साइट इंचार्ज व सुपरवाइजर को तत्काल पानी निकालने के लिए बड़े मोटर लगाने का सख्त निर्देश दिया और कार्य को जल्द से जल्द पूरा करने को कहा. इसके बाद एचओपी ने स्टेशन रोड और हनुमान मंदिर के समीप चल रहे कार्यस्थलों की भी जांच की. इस संबंध में पूछे जाने पर उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यस्थल पर फिसलन और कीचड़ के कारण लोगों के गिरकर चोटिल होने की खबरों व सूचनाओं के बाद वे खुद धरातलीय स्थिति को देखने पहुंचे हैं. उन्होंने कहा कि आम जनता की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए निर्माण कंपनी को तत्काल प्रभाव से पानी की निकासी के लिए मोटर लगाने, कार्यस्थल की बैरिकेडिंग करने और रेडियम रिबन (इंडिकेटर) लगाने के कड़े निर्देश दिए गए हैं. साथ ही उन्होंने पूरी निर्माण प्रक्रिया में तेजी लाने की हिदायत दी है, ताकि स्थानीय लोगों को हो रही इस भारी असुविधा को जल्द से जल्द समाप्त किया जा सके. लोगों ने एचओपी के इस प्रयास की सराहना की.

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