हजारीबाग: 18 साल में 1596 करोड़ की टोल वसूली, फिर भी 71 किमी सर्विस लेन अधूरी

Hazaribagh: राष्ट्रीय राजमार्ग-19 के चौपारण-बरही-गोरहर सिक्स लेन परियोजना को लेकर सूचना के अधिकार के तहत चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. आरटीआई में...

हजारीबाग

Hazaribagh: राष्ट्रीय राजमार्ग-19 के चौपारण-बरही-गोरहर सिक्स लेन परियोजना को लेकर सूचना के अधिकार के तहत चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. आरटीआई में मिली जानकारी के अनुसार बरही स्थित रसोइया धमना टोल प्लाजा से वर्ष 2007-08 से 2025-26 तक 1596 करोड़ रुपये से अधिक का टोल वसूला जा चुका है. इसके बावजूद चौपारण से गोरहर तक 71 किलोमीटर लंबी सर्विस लेन का निर्माण अब भी अधूरा है.

निर्धारित समय सीमा बीती, काम अब भी अधूरा

एनएचएआई की ओर से उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार परियोजना की स्वीकृत लागत 1772.07 करोड़ रुपये है. इस परियोजना को दिसंबर 2017 में मंजूरी मिली थी और नवंबर 2021 तक पूरा किया जाना था. हालांकि वर्तमान में निर्माण कार्य लगभग 80 प्रतिशत ही पूरा हो सका है.अब इसे 31 दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है.

पांच वर्षों में ही 832 करोड़ रुपये से अधिक की वसूली

आरटीआई में यह भी सामने आया कि पिछले पांच वित्तीय वर्षों में टोल प्लाजा से 832 करोड़ रुपये से अधिक का टोल संग्रह किया गया. टोल प्लाजा का संचालन निजी एजेंसी द्वारा किया जा रहा है, जबकि टोल की राशि सीधे भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के खाते में जमा होती है.

टोल पर सुविधाओं का दावा

एनएचएआई का कहना है कि टोल प्लाजा पर 24 घंटे हाईवे पेट्रोलिंग, एडवांस लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस, क्रेन, टो-अवे वाहन, पेयजल, महिला-पुरुष शौचालय और हेल्पलाइन-1033 जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं.

स्थानीय लोगों में बढ़ रहा असंतोष

स्थानीय लोगों का कहना है कि वर्षों से भारी-भरकम टोल वसूली के बावजूद सर्विस रोड, फ्लाईओवर समेत कई महत्वपूर्ण कार्य अधूरे पड़े हैं. इससे रोजाना वाहन चालकों और आसपास के ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. लोगों ने परियोजना को जल्द पूरा करने और अधूरे कार्यों को प्राथमिकता देने की मांग की है.

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