Ranchi : झारखंड के विभिन्न जिलों में लैंड सर्वे करने के मामले को लेकर दाखिल याचिका पर झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. झारखंड हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश एस एम सोनक और न्यायाधीश राजेश शंकर की खंडपीठ में हुई. जहां सुनवाई के दौरान आगामी 15 जुलाई तक सचिव को एफिडेविट दाखिल करने का निर्देश दिया है. दरअसल, सरकार के रवैये से कोर्ट ने नाराजगी जताई है. साथ ही कहा है कि मामले में अधिकारियों के द्वारा जवाब दाखिल होना मामले पर गंभीरता को दिखाता है.
50 साल बाद भी सर्वे नहीं होना डिस्ट्रेसिंग है
सचिव की जगह लैंड एक्विजिशन डिपार्टमेंट ने जवाब दाखिल किया था. अदालत ने कहा कि 50 साल में भी झारखंड के जिलों का सर्व नहीं हो पाना डिस्ट्रेसिंग है. अदालत ने अगले सुनवाई में सबसीक्वेंट डेवलपमेंट पर जवाब दाखिल करने को कहा है. अगली सुनवाई 21 जुलाई को होगी.

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