Koderma: कोडरमा विधायक डॉ. नीरा यादव ने एक बार फिर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात कर कोडरमा जिले के सभी महाविद्यालयों को पूर्ववत विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से जुड़े रखने की मांग दोहराई. इस दौरान बरकट्ठा विधायक अमित कुमार यादव भी उनके साथ मौजूद रहे. दोनों विधायकों ने संयुक्त रूप से मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर छात्रहित में आवश्यक कार्रवाई की मांग की. विधायक डॉ. नीरा यादव ने कहा कि कोडरमा जिले के कॉलेज वर्ष 1992 से विनोबा भावे विश्वविद्यालय, हजारीबाग से संबद्ध हैं. वर्तमान में इन्हें नवस्थापित सर जेसी बोस विश्वविद्यालय, गिरिडीह से संबद्ध करने की प्रक्रिया चल रही है, जिससे जिले के हजारों छात्र-छात्राओं को अनावश्यक कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा. उन्होंने बताया कि कोडरमा से हजारीबाग की दूरी लगभग 58 किलोमीटर है, जबकि गिरिडीह की दूरी 120 से 125 किलोमीटर है. ऐसे में विद्यार्थियों पर अतिरिक्त समय और आर्थिक बोझ पड़ेगा. उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया कि नई शिक्षा नीति (एनईपी) के तहत चार वर्षीय स्नातक पाठ्यक्रम के चौथे वर्ष में विश्वविद्यालय स्तर पर अध्ययन और विभिन्न शैक्षणिक गतिविधियों में भाग लेना अनिवार्य है. विश्वविद्यालय की दूरी अधिक होने से विशेषकर ग्रामीण एवं आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित होगी तथा ड्रॉपआउट की आशंका बढ़ सकती है. डॉ. नीरा यादव ने मुख्यमंत्री से छात्रहित में कोडरमा जिले के सभी महाविद्यालयों को पूर्ववत विनोबा भावे विश्वविद्यालय के अधीन ही रखने का आग्रह किया.
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‘समाधान नहीं हुआ तो सड़क से सदन तक होगा संघर्ष’
उन्होंने बताया कि इस संबंध में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू को भी पत्र सौंपकर आवश्यक पहल करने की मांग की गई है. विधायक ने मुख्यमंत्री के समक्ष कोडरमा इंजीनियरिंग कॉलेज तथा सतगावां, मरकच्चो, डोमचांच और चंदवारा में वर्षों से भवन बनकर तैयार डिग्री कॉलेजों को शीघ्र शुरू कराने की मांग भी उठाई. साथ ही जिले में बढ़ती आपराधिक घटनाओं एवं अन्य जन समस्याओं से भी मुख्यमंत्री को अवगत कराया. डॉ. नीरा यादव ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि राज्य सरकार विद्यार्थियों के हितों को सर्वोपरि रखते हुए सकारात्मक निर्णय लेगी. उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि इस मामले का समाधान नहीं हुआ तो वे छात्रहित में सड़क से सदन तक संघर्ष करेंगी और आगामी विधानसभा सत्र में भी इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाएंगी. उन्होंने कहा कि छात्रों के हितों की रक्षा के लिए वे हर स्तर पर संघर्ष करने को तैयार हैं.


