Ranchi: झारखंड में स्वास्थ्य कर्मियों के हालिया तबादलों का विरोध तेज हो गया है. ऑल झारखंड पारा मेडिकल एसोसिएशन ने स्वास्थ्य सेवाओं के निदेशक प्रमुख को पत्र लिखकर 31 जुलाई 2026 को जारी स्थानांतरण आदेश को तत्काल प्रभाव से रद्द करने की मांग की है. एसोसिएशन का कहना है कि बड़ी संख्या में फार्मासिस्ट, एएनएम, परिचारिका ग्रेड-ए, लैब टेक्नीशियन, नेत्र सहायक, लिपिक समेत अन्य स्वास्थ्य कर्मियों का एक साथ तबादला किया गया है. इससे कर्मचारियों और उनके परिवारों को गंभीर परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. एसोसिएशन का कहना है कि शैक्षणिक सत्र के बीच तबादला होने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होगी. वहीं, कई कर्मचारियों के बुजुर्ग और बीमार माता-पिता की देखभाल भी मुश्किल हो जाएगी. एसोसिएशन ने इसे कर्मचारियों के लिए सामाजिक, पारिवारिक और आर्थिक संकट बताया है. एसोसिएशन ने आरोप लगाया कि उनकी पहले की मांगों पर विचार किए बिना मनमाने ढंग से तबादले किए गए हैं. इससे कर्मचारियों में नाराजगी और असंतोष बढ़ रहा है.


एसोसिएशन की प्रमुख मांगें
31 जुलाई 2026 का स्थानांतरण आदेश तत्काल रद्द किया जाए.

ANM संवर्ग का ग्रेड पे 2400 से बढ़ाकर 2800 किया जाए.

सभी संवर्गों को सेवा नियमावली के अनुसार भर्ती, प्रोन्नति और अन्य सेवा लाभ दिए जाएं.
प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत कर्मचारियों को उनके मूल पदस्थापन स्थल पर वापस भेजा जाए.
एसोसिएशन ने स्वास्थ्य विभाग से कर्मचारियों के हित और जनहित को ध्यान में रखते हुए स्थानांतरण नीति की मानवीय आधार पर दोबारा समीक्षा करने और सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की है.

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