Ramgarh: जिला पुलिस को संगठित आपराधिक गिरोहों के खिलाफ एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है. एसपी मुकेश लुनायत को मिली गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी करते हुए कुख्यात राहुल दुबे गैंग के छह सक्रिय अपराधियों को धर-दबोचा है, जबकि एक कानून का उल्लंघन करने वाले किशोर (नाबालिग) को भी निरुद्ध किया गया है. पकड़े गए अपराधियों के पास से पुलिस ने लोडेड देसी पिस्टल, भारी मात्रा में जिंदा कारतूस और मोटरसाइकिलें बरामद की हैं. गिरफ्तार अपराधियों में विकास साव, विशाल कुमार, बिट्टू कुमार रवि, हीरालालाल कुमार, दिगम्बर प्रजापति उर्फ डेगन, एहतेसाम अंसारी उर्फ दुलर्भ और नाबालिग शामिल है.

गुप्त सूचना पर बनी स्पेशल टीम
रामगढ़ जिले में हाल के महीनों में संगठित आपराधिक गिरोहों द्वारा कई वारदातों को अंजाम दिया गया था. इन घटनाओं के खुलासे और अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस एसपी रामगढ़ के निर्देश पर एसडीपीओ पतरातू के नेतृत्व में एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया था. इसी दौरान 25 मई को पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि पतरातू थाना क्षेत्र में कुछ अपराधी किसी बड़ी घटना को अंजाम देने के इरादे से एक जगह इकट्ठा हुए हैं. सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई करते हुए छापेमारी दल ने मानवीय और तकनीकी इनपुट के आधार पर घेराबंदी कर कुल सात लोगों को दबोच लिया.
पूर्व की कई बड़ी घटनाओं में संलिप्तता स्वीकार की
पूछताछ के दौरान पकड़े गए सभी अपराधियों ने स्वीकार किया कि वे राहुल दुबे गिरोह के सक्रिय सदस्य हैं. उन्होंने कबूला कि राहुल दुबे और उसके संगठन के अन्य आकाओं के इशारे पर वे पहले भी कई बड़ी वारदातों को अंजाम दे चुके हैं, जिनमें पतरातू थाना क्षेत्र के रेलवे फ्लाईओवर ब्रिज के गेट पर गोलीबारी, ओम डेयरी प्लॉट के गेट पर फायरिंग, अल्ट्राटेक सीमेंट प्लांट में रंगदारी और दहशत फैलाने के उद्देश्य से की गई गोलीबारी शामिल है. अपराधियों ने यह भी स्वीकार किया कि वे इस बार भी पतरातू इलाके में ही किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने के लिए जुटे थे.
