Ranchi: रांची के रिम्स (RIMS) में लगभग 7 एकड़ अधिग्रहित जमीन की फर्जीवाड़े के जरिये खरीद-बिक्री करने के आरोपी राजकिशोर बड़ाइक की जमानत याचिका पर रांची एसीबी की विशेष अदालत में सुनवाई हुई. बुधवार की सुनवाई के दौरान अदालत ने एसीबी को केस डायरी जमा करने का निर्देश दिया है इसके साथ ही कोर्ट ने बचाव पक्ष यानि राजकिशोर बड़ाइक को भी जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है.
कोर्ट ने एसीबी से मांगी केस डायरी
कोर्ट अब इस मामले में 22 मई को सुनवाई करेगा. हाईकोर्ट के आदेश के बाद ACB ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पिछले महीने राजकिशोर और कार्तिक समेत 4 मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया था. यह मामला फर्जी वंशावली बनाकर सरकारी जमीन बेचने से जुड़ा है, जिसमें 16 सरकारी अधिकारी-कर्मचारी भी रडार पर हैं.

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फर्जी वंशावली के जरिए सरकारी जमीन बेचने का आरोप
एसीबी ने फर्जी वंशावली तैयार करने वाले कार्तिक बड़ाईक, राज किशोर बड़ाईक, चेतन कुमार और राजेश कुमार झा को गिरफ्तार किया है. अब तक की जांच में यह खुलासा हुआ है कि भू-माफियाओं ने 1964-65 में अधिग्रहित रिम्स की जमीन को फर्जी दस्तावेजों के सहारे निजी संपत्ति बताकर बिल्डरों को करीब 31 लाख रुपये में बेचा था. इस संबंध में ACB ने कांड संख्या 1/2026 दर्ज की है.
