Seraikela: जिला मुख्यालय के सदर अस्पताल में एक गर्भवती महिला और उसके नवजात की मौत के बाद अस्पताल की व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं. घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही और अभद्र व्यवहार का आरोप लगाकर जमकर हंगामा किया और निष्पक्ष जांच की मांग की.
परिजनों का आरोप
मृतका के परिजनों का कहना है कि वे महिला को समय पर अस्पताल लेकर पहुंचे थे, लेकिन डॉक्टर और अस्पताल कर्मियों ने समय रहते समुचित इलाज नहीं किया. परिजनों का आरोप है कि लापरवाही के कारण ही मां और नवजात दोनों की जान चली गई. हम चाहते हैं कि मामले की निष्पक्ष जांच हो और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए.
डॉक्टर ने आरोपों को किया खारिज
वहीं, ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर रीमा ने परिजनों के सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया. उन्होंने बताया कि महिला गंभीर एनीमिया से पीड़ित थी और अस्पताल पहुंचने के समय उसकी हालत बेहद नाजुक थी. डॉक्टर के अनुसार, चिकित्सा टीम ने उसे बचाने के लिए हरसंभव प्रयास किया, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद मां और नवजात दोनों को नहीं बचाया जा सका.
जांच के आदेश
घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन पर मामले की जांच कराने का दबाव बढ़ गया है. प्रशासन ने पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दे दिए हैं, अब जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि दोनों की मौत किस कारण हुई या इलाज में किसी प्रकार की लापरवाही हुई.
स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे सवाल
सदर अस्पताल में हुई इस घटना के बाद मरीजों और उनके परिजनों में भारी आक्रोश है. स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी अस्पतालों की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में इस तरह की दुखद घटना दुबारा न हो सके.
