Ranchi: JPSC-JSSC परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता की मांग को लेकर छात्र और युवा संगठनों ने 7 अगस्त को झारखंड विधानसभा घेराव का ऐलान किया है. गुरुवार को रांची में आयोजित प्रेस वार्ता में AISF, AIYF और SFI समेत कई संगठनों के नेताओं ने आंदोलन की रूपरेखा साझा की और छात्रों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की.

बड़े पैमाने पर अनियमितताओं के आरोप
AISF के राष्ट्रीय महासचिव दिनेश ने कहा कि 14वीं JPSC परीक्षा में बड़े पैमाने पर अनियमितताओं के आरोप लगे हैं. इसलिए सरकार इस परीक्षा को रद्द कर निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से दोबारा परीक्षा कराए. उन्होंने कहा कि वर्षों से JPSC के नाम पर छात्रों के साथ अन्याय हो रहा है. AIYF के राष्ट्रीय अध्यक्ष रोशन कुमार सिन्हा ने कहा कि JPSC लंबे समय से विवादों में रही है. उन्होंने सवाल उठाया कि जिस परीक्षा एजेंसी पर पहले आरोप लग चुके हैं, उसी को फिर से परीक्षा कराने की जिम्मेदारी क्यों दी गई. उन्होंने लंबित नियुक्तियों को जल्द पूरा करने की भी मांग की. SFI के प्रदेश संयोजक दानिश ने कहा कि विधानसभा घेराव छात्रों और युवाओं के अधिकारों की लड़ाई है. उन्होंने सरकार से JPSC-JSSC में पारदर्शिता लाने, क्लस्टर सिस्टम वापस लेने और ई-कल्याण छात्रवृत्ति का भुगतान जल्द करने की मांग की. AISF के प्रदेश सह सचिव अफजल दुर्रानी ने कहा कि 7 अगस्त का विधानसभा मार्च पूरी तरह शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक होगा. उन्होंने सरकार से छात्रों के साथ बातचीत कर उनकी मांगों पर सकारात्मक फैसला लेने की अपील की. प्रेस वार्ता में सभी छात्र संगठनों ने संयुक्त रूप से राज्य के छात्रों और अभ्यर्थियों से 7 अगस्त को होने वाले विधानसभा घेराव में बड़ी संख्या में शामिल होकर अपनी आवाज बुलंद करने की अपील की.



