Patna: छात्रों पर कथित तौर पर AK-47 से फायरिंग किए जाने के आरोप को लेकर बिहार की राजनीति गरमा गई है. छात्रों के समर्थन और सरकार के खिलाफ तेजस्वी यादव के नेतृत्व में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने गांधी मैदान से राजभवन तक मार्च निकाला. हालांकि, पुलिस ने मार्च को आगे बढ़ने से रोक दिया और तेजस्वी यादव को हिरासत में ले लिया. मार्च के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तनाव की स्थिति बनी रही. पुलिस की ओर से वाटर कैनन का भी इस्तेमाल किया गया. हिरासत में लिए जाने से पहले तेजस्वी यादव ने सरकार पर छात्रों की आवाज दबाने का आरोप लगाया और कहा कि उनका मार्च राजभवन तक जाना था, लेकिन उसे रास्ते में ही रोक दिया गया.

छात्रों के अधिकारों की लड़ाई जारी रखने का दावा
तेजस्वी यादव ने कहा कि RJD छात्रों के अधिकार, रोजगार, पेपर लीक पर रोक और परीक्षाओं में पारदर्शिता समेत शिक्षा एवं स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों को लेकर अपनी आवाज उठाती रहेगी. उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी सरकार के खिलाफ संघर्ष जारी रखेगी और वह जेल जाने से डरने वाले नहीं हैं. उन्होंने छात्रों पर गोली चलाने के आरोपों को लेकर सरकार से जवाब मांगा. तेजस्वी ने सवाल उठाया कि कथित AK-47 फायरिंग का आदेश किसने दिया था. उन्होंने कहा कि इस मामले में सरकार को स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए.
‘छात्र अब पेपर लीक और भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं करेंगे’
RJD नेता ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने की अपील की. उन्होंने कहा कि छात्र अब परीक्षा में पेपर लीक और भ्रष्टाचार को स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं हैं. वाटर कैनन के इस्तेमाल पर भी तेजस्वी यादव ने सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई सरकार के आदेश पर की गई है. साथ ही कहा कि पुलिस की कार्रवाई से आंदोलन कमजोर नहीं होगा और जनता अब सड़कों पर उतर चुकी है. उन्होंने दावा किया कि सरकार को आखिरकार छात्रों की मांगों पर झुकना पड़ेगा.
ALSO READ: JPSC-JSSC आंदोलन खत्म, आज शाम निकलेगी छात्रों की आभार यात्रा

