Bokaro: सेक्टर-12 थाना क्षेत्र के तेतुलिया मौजा स्थित बिरसा मध्य विद्यालय, बिरसा नगर भट्टाटोला को कथित तौर पर रातों-रात जेसीबी लगाकर ध्वस्त कर दिया गया. स्कूल भवन को तोड़े जाने के बाद वहां बाउंड्री कर प्लॉटिंग शुरू किए जाने का आरोप लगाया जा रहा है. घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है और जिला प्रशासन की भूमिका को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं.

वर्षों से संचालित था आदिवासी स्कूल
स्थानीय लोगों के अनुसार, बिरसा मध्य विद्यालय वर्षों से संचालित हो रहा था. आरोप है कि भू-माफियाओं ने स्कूल भवन को ध्वस्त कर जमीन पर कब्जे की कोशिश शुरू कर दी है. स्कूल भवन के जमींदोज होने के बाद उसका नाम-पट्ट भी मौके पर नहीं बचा है.
स्कूल में थे तीन मतदान केंद्र
स्थानीय लोगों के अनुसार, सरकारी रिकॉर्ड में इस स्कूल में तीन मतदान केंद्र दर्ज हैं. चुनाव के दौरान यहां लोग मतदान करते थे. स्कूल भवन के ध्वस्त होने के बाद इन मतदान केंद्रों के अस्तित्व को लेकर भी सवाल खड़े हो गए हैं.
ग्रामीणों में आक्रोश, कार्रवाई की मांग
घटना की जानकारी मिलने के बाद आसपास रहने वाले आदिवासी समाज और स्थानीय लोगों ने इसका विरोध किया है. ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल जैसे सार्वजनिक संस्थान को इस तरह ध्वस्त किए जाने की घटना गंभीर है. लोगों ने प्रशासन से मामले की जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.
प्रशासन की भूमिका पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों ने सवाल उठाया है कि यदि स्कूल भवन को जेसीबी से ध्वस्त किया गया तो प्रशासन और संबंधित विभागों को इसकी जानकारी कैसे नहीं हुई. वहीं, यदि प्रशासन को इसकी जानकारी थी तो अब तक कार्रवाई क्यों नहीं की गई. लोगों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है.
मुखिया और आदिवासी संगठन ने जताया विरोध
सातनपुर पंचायत के मुखिया कालीपद सिंह ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि ग्रामीणों में भू-माफियाओं के खिलाफ काफी आक्रोश है. उन्होंने कहा कि मामले को लेकर उचित कार्रवाई होनी चाहिए.
वहीं, दुर्गा सोरेन सेना की महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष देवला टुडू ने कहा कि आदिवासियों के साथ अन्याय अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने मामले में प्रशासन से हस्तक्षेप करने की मांग की.
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